जींद। डेंगू दिवस के अवसर पर जिलेभर में लोगों को डेंगू के प्रति जागरूक करने के लिए सेमिनार, रैलियां, नुक्कड़ सभाएं, पोस्टर मेकिंग, स्लोगन और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिताओं का आयोजन हुआ।
सिविल सर्जन डॉ. सुमन कोहली और डिप्टी सिविल सर्जन डॉ. बिजेंद्र ढांडा के नेतृत्व में शुक्रवार को हुए आयोजन स्वास्थ्य सेवाएं हरियाणा के निदेशक डॉ. अनिल बिरला ने शिरकत की।
डॉ. बिजेंद्र ढांडा ने कहा कि उन्होंने कहा कि जिला जींद के सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थाओं में डेंगू का टेस्ट और इलाज फ्री किया जाता है। डेंगू मरीजों के इलाज के लिए नागरिक अस्पताल के ब्लड बैंक मे प्लेटलेट्स की सुविधा उपलब्ध है। वहीं पीएचसी, सीएचसी में भी डेंगू मरीजों के उपचार के लिए अलग से वार्ड की व्यवस्था की गई है।
वरिष्ठ स्वास्थ्य निरीक्षक राममेहर वर्मा ने बताया कि स्वास्थ्य कर्मचारियों द्वारा समय से लोगों को जागरूक करने के कारण इस वर्ष लोगों को डेंगू से राहत मिली हुई है, जबकि पिछले वर्षों में जिला जींद में वर्ष 2021 में 622, वर्ष 2022 में 535, 2023 में 340 तथा 2024 में 141 डेंगू के मामले सामने आये थे। प्रत्येक व्यक्ति यदि थोड़ी सी सावधानी करके अपने घर तथा आसपास की सफाई करते हुए गड्ढों, खाली पडे टायरों और गमलों में गंदा पानी जमा नहीं होने दे तो इस भयंकर बीमारी से लोगों को बचाया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि यदि तीव्र बुखार, सिर के अगले हिस्से में तेज दर्द, आंख के पिछले भाग में दर्द, भूख कम लगना, मांसपेशियों एवं जोड़ों में दर्द, शरीर पर खसरे जैसे दाने निकलना व उल्टी आना तथा जी मचलने पर मरीज को तुरंत अपने आस पास के स्वास्थ्य केंद्र या स्वास्थ्य कार्यकर्ता के पास ले जाकर खून की जांच करवानी चाहिए।
इस अवसर पर देवेंद्र, गुरनाम, दिनेश, ओमप्रकाश, अमरजीत, विनोद, राजरानी, सीता देवी, पूनम, दर्शना, अंजू, सुमन, राधा, उर्मिला, सविता, अशमीना, सोनिया, शीला, मंजू, मुकेश, नीलम, रानी और आरती शामिल रहे।