नरवाना। पराली जलाने वाले किसानों पर एसडीएम ने बैठक कर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारी एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे गांव-गांव जाकर उन किसानों की पहचान करें, जिन्होंने पराली अवशेष का प्रबंधन नहीं किया है और उनसे मिलकर पराली अवशेष प्रबंधन करने के लिए जागरूक करें।
एसडीएम अनिल कुमार दून ने शनिवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में अधिकारियों की विशेष बैठक बुलाई। एसडीएम दून ने कहा कि अवशेष प्रबंधन न करने वालों पर तथा पराली जलाने वाले किसानों के साथ पुलिस प्रशासन एवं अन्य विभागीय अधिकारी कोई भी ढील न बरतें। आगजनी की लोकेशन तुरंत जांचें और दोषी किसान के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाएं। कृषि राजस्व विभाग के अधिकारी, पटवारी, ग्राम सचिव संबंधित इलाकों में नजर रखें। यह भी निर्देश दिए कि संबंधित गांव के नंबरदार तथा चौकीदार मौके पर जरूर रहे। उन्होंने बीडीपीओ को आदेश दिए कि पराली न जलाने बारे जागरूकता के लिए प्रत्येक गांव में चौकीदार के माध्यम से रोजाना मुनादी करवाना सुनिश्चित करें। पराली जलाने के मामलों में तेजी आ रही है। इसके कारण बढ़ता प्रदूषण चिंता का विषय है। बढ़ते प्रदूषण से प्राकृतिक, काश्तकार भूमि, प्राणी जगत तथा मानव स्वास्थ्य के लिए खतरा साबित हो सकता है। लिहाजा पराली जलाने वाले मामलों पर तुरंत प्रभाव से संज्ञान लेने की जरूरत है। इस अवसर पर तहसीलदार नीरज सिंगला, बीडीपीओ हनीश कुमार, कृषि विभाग के एसडीओ बलजीत लाठर, एएसडीओ पशुपालन डॉ. अर्जुन सिंह, कानूनगो डॉ. वीरेंद्र बूरा मौजूद रहे।