जींद। हरियाणा गो सेवा आयोग के चेयरमैन श्रवण कुमार गर्ग से प्रशासनिक नंदीशाला के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात कर शहर की दोनों नंदीशालाओं में गो संरक्षण, देसी नस्लों के संवर्धन और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने पर विस्तार से चर्चा की।
बैठक के दौरान चेयरमैन श्रवण कुमार गर्ग ने कहा कि गो सेवा केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं है बल्कि यह पर्यावरण संरक्षण, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और सामाजिक जिम्मेदारी से भी जुड़ी हुई है।
उन्होंने कहा कि नंदीशालाओं को आत्मनिर्भर बनाने, देसी गो नस्लों के संरक्षण, पशुओं के लिए गुणवत्तापूर्ण चारे की व्यवस्था, स्वच्छता और नियमित पशु चिकित्सा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। साथ ही उन्होंने गो संरक्षण अभियान में समाज के सभी वर्गों से सहयोग करने की अपील की।
प्रशासनिक नंदीशाला के सचिव जयभगवान पिंडारा ने बताया कि प्रशासन, शहर और गांव के लोगों, समाजसेवियों, गोभक्तों और दानदाताओं के सहयोग से दोनों नंदीशालाओं की व्यवस्थाओं में लगातार सुधार हो रहा है।
उन्होंने कहा कि गो सेवा और सुरक्षा के लिए किए जा रहे प्रयास पहले की तुलना में अधिक प्रभावी साबित हो रहे हैं। बैठक में हरियाणा में देसी गो नस्लों के संरक्षण और गो संरक्षण गतिविधियों को और तेज़ी से आगे बढ़ाने के लिए भी विचार-विमर्श किया गया।
प्रतिनिधिमंडल में प्रशासनिक नंदीशाला के सचिव एवं नंबरदार जयभगवान पिंडारा, एग्रीकल्चर एवं मार्केटिंग बोर्ड जींद सर्कल के एसई नवीन दहिया, राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित सुभाष ढिगाना, सेवानिवृत्त जिला शिक्षा अधिकारी रामभगत शर्मा और कवि एवं शिक्षाविद ओमप्रकाश चौहान शामिल रहे।