नए वोटर वाहन अधिनियमों के तहत सोमवार से जिलेभर में यातायात के नियम तोड़ने पर चालान कटेंगे। एक सितंबर से नए मोटर वाहन अधिनियम के तहत दस गुना चालान राशि में वृद्धि की गई है। पहले आमतौर पर चालान की राशि कम होने के कारण अंडर ऐज और अन्य कई वाहन चालक यातायात नियमों का पालन नहीं करते थे। इससे सड़क हादसे ज्यादा हो रहे थे। सड़क हादसों में कमी को लेकर अब चालान में बढ़ोतरी से लोगों में यातायात नियमों को पालन करने का डर बना रहेगा जिससे सड़क हादसों में कमी आएगी।
तीन दिन लोगों को समझाए नियम
लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए एसएसपी अश्विनी शैणवी के नेतृत्व में 13 से 15 सितंबर तक तीन दिवसीय वाहन चालकों के लिए जागरूकता अभियान चलाया। जींद जिले के 14 थानों के अंतर्गत लगभग 30 हजार लोगों को दो पहिया व चार पहिया तथा बड़े वाहन चालकों को जागरूक किया। 16 सितंबर से वाहन चालकों के सभी कागजात व हेलमेट नहीं लगाने वालों के खिलाफ सख्ती भरा अभियान चलेगा। अब तक सफीदों में आईपीएस अजीत सिंह शेखावत और डीएसपी यातायात चंद्रपाल के नेतृत्व में दो हजार फूल वाहन चालकों को भेंट किए गए। इसके अलावा महिला डीएसपी पुष्पा खत्री ने भी अपनी टीम के साथ गोहाना रोड व महिला कॉलेज क्षेत्र में हजारों वाहन चालकों को नए नियमों के बारें में जागरूक किया।
20 प्रतिशत हेलमेट की बिक्री बढ़ी
गोहाना रोड पर हेलमेट बेचने वाले दुकानदार रणजीत सिंह ने बताया कि पहले आमतौर पर एक दिन में उनकी दुकान पर 10-12 लोग ही हेलमेट लेने के लिए आते थे। अगस्त महीने में उनकी दुकान में कुल 320 हेलमेट बिके। सितंबर महीने में अब तक उनकी दुकान से 200 हेलमेट बिक चुके हैं। जींद शहर में लगभग 20 दुकानों पर हेलमेट बेचे जा रहे हैं। हेलमेट की बिक्री के कारण हेलमेट के रेट में 10 प्रतिशत की वृद्धि भी हुई है। अच्छा क्वालिटी का हेलमेट जहां पहले 700 रुपये में मिलता था अब वह 770 रुपये में मिल रहा है। बहुत बढ़िया कंपनी के हेलमेट 1500 से 1800 रुपये के बीच में मिल रहे हैं।
पेट्रोल पंपों पर प्रदूषण प्रमाण पत्र के लिए भी लग रही लाइन
सफीदों रोड स्थित भारद्वाज पेट्रोल पंप संचालक रघुबीर भारद्वाज ने बताया कि अगस्त महीने में उनके पेट्रोल पंप पर लगभग 70 वाहन चालकों ने प्रदूषण प्रमाण पत्र सर्टिफिकेट बनवाए थे। सितंबर महीने में अब तक उनके पेट्रोल पंप पर 15 दिन में ही 70 वाहन चालक अपना प्रदूषण प्रमाण पत्र बनवा चुके हैं।