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किसान आंदोलन : खटकड़ और बद्दोवाल टोल पर महिलाओं के हाथ में रही आंदोलन की कमान

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दिल्ली के लिए रवाना होने से पहले नारेबाजी करतीं महिलाएं। संवाद - फोटो : Jind
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खटकड़ और बद्दोवाल टोल प्लाजा पर चल रहे किसानों के धरने पर सोमवार को महिला दिवस के चलते आंदोलन की कमान पूरी तरह महिलाओं के नाम रही। इस दौरान महिलाओं ने कहा कि वे आंदोलन में परुषों के साथ कानून वापस होने तक डटी रहेंगी। सोमवार को धरने की अध्यक्षता से लेकर मंच संचालन तक पूरी व्यवस्था महिलाओं ने संभाली।
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महिलाओं ने कहा कि उन्होंने परिवार के सदस्यों को कह दिया है कि वह धरनों में हिस्सा लें। घर व खेत के काम वे संभाल लेंगी। यह लड़ाई अकेले किसान की नहीं है, बल्कि हर वर्ग की है। जो किसान का नहीं वह किसी का नहीं हो सकता है। उन्होंने कहा कि गेहूं कटाई का समय आने वाला है। ऐसे में कहीं भी धरने पर लोगों की संख्या कम नहीं होगी। खटकड़ टोल पर शीला, सुखदेई, कमला जुलानी, शीला, सुषमा, अनीता खटकड़, प्रमिला, प्रियंका, नीलम, राजवंति व सोनिया मौजूद रही।
पालवां बस स्टैंड पर एकत्रित होंगे किसान
10 मार्च को विधानसभा में सरकार के खिलाफ आए अविश्वास प्रस्ताव पर सरकार के खिलाफ मत देने की मांग को लेकर पुराने बस स्टैंड पालवां पर किसान एकत्रित होंगे। किसान नेता आजाद पालवां ने कहा कि उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला उचाना से विधायक हैं। अविश्वास प्रस्ताव से जनता के सामने आ जाएगा कि कौन किसानों के साथ है और कौन कुर्सी से चिपका हुआ है। किसान उपमुख्यमंत्री सहित जितने भी जिले में जजपा के विधायक हैं, उनसे सरकार के खिलाफ विधानसभा में अविश्वास प्रस्ताव पर सरकार के खिलाफ मतदान करने की अपील करेंगे।
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आज विधायक से मिलकर सरकार के खिलाफ वोट की अपील करेंगे किसान
जुलाना विधानसभा से जजपा विधायक अमरजीत ढांडा से मंगलवार को किसान उनके निवास स्थान गांव खरकरामजी में मिलेंगे। किसान नेता नरेश ढांडा ने कहा कि विधायक से मिलकर उनसे विधानसभा में सरकार के खिलाफ वोटिंग की अपील की जाएगी। उन्होंने कहा कि अमरजीत ढांडा भी किसान परिवार से हैं। इसलिए विधायक को किसानों का साथ देना चाहिए और अविश्वास प्रस्ताव में सरकार के खिलाफ वोटिंग करनी चाहिए।
जामनी गांव से महिलाएं गाजीपुर बॉर्डर के लिए रवाना
सोमवार को जामनी गांव से दो बसों में सवार होकर महिलाएं दिल्ली के गाजीपुर बॉर्डर के लिए रवाना हुईं। इन महिलाओं ने किसान एकता जिंदाबाद के नारे लगाए। महिला किसान सुमन, रेनू, कमलेश, कमला, शीला व पूनम ने कहा कि सरकार तीनों कानूनों को तुरंत वापस ले।
किसानों के लिए एमएसपी पर फसल बेचने की सबसे बड़ी मंडी संसद : कंडेला
कंडेला खाप के प्रधान, खाप पंचायतों के राष्ट्रीय संयोजक व किसान नेता चौधरी टेकराम कंडेला ने खटकड़ टोल प्लाजा पर चल रहे किसानों के धरने में पहुंचे। उन्होेंने कहा कि किसान आंदोलन जन आंदोलन बन चुका है। किसानों के लिए एमएसपी पर फसलों की बिक्री के लिए सबसे बड़ी मंडी संसद भवन है, क्योंकि एमएसपी की खरीद की गारंटी तो किसानों को सरकार दिल्ली से ही दे रहे है। फसल पकने के लिए तैयार है। सभी किसान अपनी फसल लेकर दिल्ली संसद भवन बेचने के लिए निकलें।
बद्दोवाला टोल प्लाजा पर डटे रहे किसान
बद्दोवाल टोल प्लाजा पर सोमवार का दिन अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में मनाया गया। महिलाओं ने भाषण और लोकगीतों के माध्यम से किसानों में जोश भरा। बद्दोवाल गांव निवासी लोक गायक मंजू ने रागिनी के माध्यम से किसान महिलाओं का सम्मान बढ़ाया। पांच महिलाओं ने क्रमिक अनशन किया। महिलाओं ने कहा कि संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर नौ मार्च को जेजेपी और निर्दलीय विधायकों को ज्ञापन सौंपे जाएंगे। इसमें अविश्वास प्रस्ताव में सरकार के खिलाफ मतदान की अपील की जाएगी।

हरियाणवी परिधान में लोकगीत पेश करतीं महिलाएं। संवाद - फोटो : Jind

धरने में मौजूद महिलाएं। संवाद- फोटो : Jind

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