21जेएनडी24-कंधों पर कांवड़ स्वरूप भोले बाबा की प्रतिमा लेकर जाते हुए कांवडिय़ा। संवाद
नरवाना। हरिद्वार से गंगाजल लेकर शिव मंदिरों की ओर बढ़ते लाखों कांवड़ियों की सड़कों पर आस्था दिखाई दे रही है। डाक कांवड़ हो या साधारण कांवड़ हर रूप में भोलेनाथ के भक्त अपनी श्रद्धा का प्रदर्शन कर रहे हैं।
ऐसा ही एक दृश्य सोमवार को उस समय देखने को मिला, जब सिरसा के एक कांवड़िये शहर से गुजरे। उनकी कांवड़ साधारण नहीं थी, बल्कि वह अपने कंधों पर भोले बाबा की प्रतिमा उठाए हुए थे। यह दृश्य देख लोग श्रद्धा में झुक गए और सड़क किनारे रुककर कांवड़ के दर्शन करने लगे।
कांवड़िये ने बताया कि वह हर साल भोले बाबा की कांवड़ लाते हैं। इस बार कुछ अलग करने का संकल्प लिया था ताकि भोलेनाथ की सेवा में कोई कमी न रहे। श्रद्धालु शिवालयों में दर्शन कर भाव-विभोर हो गए। कई श्रद्धालु तो कांवड़िये के पैर छूकर आशीर्वाद लेते नजर आए। शहर में कांवड़ियों के लिए जगह-जगह शिविर और पंडाल लगाए गए हैं। सेवा समितियां और सामाजिक संगठन दिन-रात कांवड़ियों की सेवा में जुटे हैं। शिविरों में खाने-पीने से लेकर विश्राम की उचित व्यवस्था की गई है। वहीं, प्रशासन भी मुस्तैद नजर आ रहा है लगातार कांवड़ यात्रा मार्गों पर निगरानी बनाए हुए हैं, ताकि किसी को कोई असुविधा न हो।
कांवड़ यात्रा को लेकर पुलिस का चला चेकिंग अभियान
दनौदा पुलिस ने कांवड़ यात्रा को पूरी तरह सतर्क है। हैंड कांस्टेबल सुरेंद्र, सिपाही सुनील, संदीप और होमगार्ड सुनील की टीम ने दनौदा बस अड्डा और हाईवे बाईपास पर दोपहिया और चारपहिया वाहनों की जांच की गई। हेलमेट न पहनने, सीट बेल्ट न लगाने और जरूरी कागजातों के अभाव में कई वाहन चालकों को सख्त चेतावनी देकर छोड़ा गया। जांच अधिकारी सुरेश बधावड़ ने बताया कि पुलिस का उद्देश्य डराना नहीं, बल्कि जनता को जागरूक करना है। नियमों का पालन सभी के लिए जरूरी है ताकि हादसों और आपराधिक घटनाओं से बचा जा सके।