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Jind News: पेपर लीक मामले में जींद निवासी दिल्ली पुलिस का कांस्टेबल दबोचा

Wed, 24 Apr 2024 01:58 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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मेरठ। यूपी पुलिस सिपाही भर्ती पेपर लीक मामले में आरोपी विक्रम पहल को एसटीएफ ने मंगलवार सुबह बागपत के खेकड़ा से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी दिल्ली पुलिस में कांस्टेबल है। अभ्यर्थियों को प्रश्न पत्र पढ़वाने के लिए गुरुग्राम का नेचर वैली रिसोर्ट उसी ने बुक किया था। उसके पास से भर्ती परीक्षा का प्रश्नपत्र, हस्तलिखित कुंजी, मोबाइल फोन और आधार कार्ड बरामद किया है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
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एसटीएफ के एएसपी बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि आरोपी विक्रम पहल पुत्र कंवर सिंह निवासी ग्राम बराह खुर्द, जिला जींद, हरियाणा यहां बागपत के खेकड़ा फ्लाईओवर पर अपने किसी साथी का इंतजार कर रहा था। तभी उसे गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह वर्ष-2010 में वह दिल्ली पुलिस में कांस्टेबल पद पर भर्ती हुआ था। दिल्ली पुलिस में उसकी पोस्टिंग तृतीय बटालियन, प्रथम बटालियन, यातायात, सीएम बटालियन में रही है। उसके साथ पढ़ा सोनीपत निवासी नितिन प्रतियोगी परीक्षा में सॉल्वर बैठाने और पेपर आउट कराने का काम करने लगा था।
नितिन ने ही उसकी मुलाकात यूपी पुलिस सिपाही भर्ती पेपर लीक मामले के मास्टरमाइंड रवि अत्री से कराई थी। इसके बाद उसकी रवि अत्री से मोबाइल पर लगातार बात होने लगी। रवि अत्री ने उससे कहा था कि किसी ऐसे एकांत स्थान पर होटल या रिसोर्ट तलाश करो, जहां यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा का पेपर करीब 1000 अभ्यर्थियों पढ़वाया जा सके। इसके बाद विक्रम पहल ने अपने साथी गुनिया उर्फ इंद्रजीत और दाउद उर्फ विक्की निवासी ग्राम किलोई झज्जर हरियाणा को ऐसा स्थान तलाशने को कहा।
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गुनिया और दाउद ने अभ्यर्थियों को आउट प्रश्नपत्र पढ़वाने के लिए नेचर वैली रिसोर्ट मानेसर गुरुग्राम को सही स्थान बताया था। इसके बाद वह तीनों इस रिसोर्ट के मालिक सतीश धनकड़ से मिले। रिसोर्ट बुक करने के लिए 18 से 20 लाख रुपये की बात हुई थी। कुछ पैसा नकद भी दिया था।
400 अभ्यर्थियों को लेकर गया था रिसोर्ट
विक्रम पहल 15 फरवरी 2024 को अपने अन्य साथियों के साथ नेचर वैली रिसोर्ट पर करीब 400 अभ्यर्थियों को साथ लेकर गया था। इस दिन पेपर न आने के कारण रात में रिसोर्ट पर ही रुके थे। रात में रवि अत्री और राजीव नयन मिश्रा का फोन आया। उन्होंने कहा कि रोहतक रोड दिल्ली बाॅर्डर पर जाकर उनके साथी राजन निवासी बिहार से भर्ती परीक्षा का प्रश्न पत्र और उत्तर कुंजी ले लेना। फिर 16 फरवरी की सुबह विक्रम पहल अपने साथियों के साथ कार से रोहतक रोड दिल्ली बाॅर्डर पर गया था। वहां से राजन से पेपर व उत्तर कुंजी लेकर आया था। बाद में लगभग 1000 अभ्यर्थियों को रिसोर्ट में प्रश्नपत्र व उत्तर पढ़ाए गए थे। राजन के बारे में जानकारी मिली है कि बिहार के दरभंगा में कृष्णा डिजिटल नाम से उसकी लैब है। वह दिल्ली के रोहिणी क्षेत्र में किसी अपार्टमेंट के फ्लैट में रहता है। आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
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अब तक ऐसे पकड़े गए 16 आरोपी
इस मामले में कार्रवाई करते हुए एसटीएफ ने पांच मार्च 2024 को दीप उर्फ दीपक पुत्र दिनेश निवासी दोपहिया रोड पठानपुरा थाना कंकरखेड़ा मेरठ, बिट्टू पुत्र दयाराम निवासी ग्राम अलीपुर थाना सरधना मेरठ, प्रवीण पुत्र ओमपाल निवासी नंगला ताशी, थाना कंकरखेड़ा मेरठ, रोहित उर्फ ललित पुत्र विनोद कुमार निवासी गोलाबढ़ थाना टीपी नगर मेरठ, नवीन कुमार पुत्र सलेखचंद निवासी शोभापुर थाना कंकरखेड़ा मेरठ और साहिल पुत्र अमरनाथ निवासी शोभापुर थाना कंकरखेडा मेरठ को प्रश्न-पत्र और उत्तर कुंजी के साथ गिरफ्तार किया था। इसके बाद 12 मार्च को महेंद्र पुत्र रामफल निवासी बराह खुर्द जींद को गिरफ्तार किया गया था, जबकि 14 मार्च को पूरी घटना का खुलासा करते हुए अभिषेक कुमार शुक्ला पुत्र ब्रह्मदेव शुक्ला निवासी विक्रमपुर थाना सराय ममरेज प्रयागराज, शिवम गिरि पुत्र राम अचल गिरि निवासी ग्राम रमगढ़वा गोनौरा, थाना जिगना मिर्जापुर, रोहित कुमार पांडेय पुत्र विजयनाथ पांडेय निवासी ग्राम खेमापुर थाना कोईरोना जनपद भदोई को प्रश्न-पत्र सहित पकड़ा गया था।
वहीं, 21 मार्च को सतीश धनकड़ को प्रश्न पत्र व उत्तर कुंजी के साथ पकड़ा गया। तीन अप्रैल को मास्टरमाइंड राजीव नयन मिश्रा और 10 अप्रैल को रवि अत्री पुत्र गोरख सिंह निवासी ग्राम नीमका थाना जेवर गौतमबुद्धनगर को प्रश्नपत्र सहित एसटीएफ ने गिरफ्तार किया था। इनके अलावा 18 अप्रैल को अजीत कुमार उर्फ अजीत चौहान पुत्र राजदेव चौहान निवासी दुहावर बिदोरी थाना नवडिया जिला जौनपुर और अजय कुमार चौहान पुत्र त्रिवेणी चौहान निवासी दुहावर बिदोरी थाना नवडिया जिला जौनपुर को गिरफ्तार कर किया जा चुका है। अब मंगलवार को विक्रम पहल भी गिरफ्त में आ गया है।
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