शहर के शिव कॉलोनी में पेयजल संकट से जूझ रहे लोगों ने बृहस्पतिवार को जींद-पानीपत मार्ग पर जाम लगा दिया। लोगों का आरोप है कि पिछले दो सप्ताह से कॉलोनी के आधे हिस्से में पानी नहीं आ रहा है। इसके बारे में जन स्वास्थ्य विभाग को भी अवगत कराया, लेकिन उनकी समस्या का समाधान नहीं किया।
इससे मजबूर होकर उन्होंने जाम लगाया। जाम की सूचना पाकर शहर थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई और कॉलोनी को जाम खोलने का आह्वान किया, लेकिन कॉलोनी के लोगों ने कहा कि जब तक जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचते तब तक जाम नहीं खोलेंगे। लोगों के गुस्से को देखते हुए जन स्वास्थ्य विभाग के जेई अमरीक सिंह मौके पर पहुंचे और जल्द ही पानी की समस्या का समाधान करने का आश्वासन दिया। लगभग पौना घंटे मार्ग जाम रहने के चलते राहगीरों को दिक्कत उठानी पड़ी।
शिव कॉलोनी निवासी रोहताश, अजय, अनिल, सरोज, ज्योति ने बताया कि उनकी कॉलोनी में पिछले दो सप्ताह से पानी नहीं आ रहा है। गर्मी के मौसम होने के कारण पानी की ज्यादा जरूरत होती है, लेकिन उन्हें पीने के पानी भी उपलब्ध नहीं हो रहा है। इसके बारे में कई बार जन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन विभाग के कर्मचारी व अधिकारी उनकी समस्या की तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं।
पेयजल सप्लाई नहीं होने के कारण लोगों को दूसरी कॉलोनियों से पानी लाना पड़ रहा है, लेकिन गर्मी के मौसम में इतना पानी बाहर से नहीं ला सकते हैं। जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा उनके पानी का बिल तो पहुंचा दिया जाता है, लेकिन पानी की सप्लाई नहीं होती है। कॉलोनी के लोगों का कहना है कि जब विभाग द्वारा उसने सर्विस चार्ज लिया जा रहा है तो सुविधा भी देनी चाहिए। कॉलोनी के आधे हिस्से में पानी सप्लाई हो रहा है, लेकिन सफीदों रोड के साथ लगती
गलियों में सूखा पड़ा है।
जाम की सूचना पाकर जन स्वास्थ्य विभाग के जेई अमरीक सिंह ने कॉलोनी के लोगों को आश्वासन दिया कि उनकी इस समस्या का जल्द ही समाधान कर दिया जाएगा और किसी भी प्रकार की
दिक्कत नहीं आने दी जाएगी। जेई के आश्वासन पर कॉलोनी के लोग जाम खोलने को तैयार हो गए। इस
दौरान कालोनी के लोगों ने चेताया कि अगर उनकी समस्या का जल्द समाधान नहीं किया तो फिर से मार्ग को
बाधित कर देंगे और इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
पाइप टूटने से आ रही दिक्कत
शिव कॉलोनी के लोगों का कहना है कि जन स्वास्थ्य विभाग ने कई वर्ष पहले पाइप लाइन बिछाई थी। लाइन बिछाए हुए कई वर्ष बीत जाने के कारण पाइप कमजोर हो चुके हैं और कहीं न कहीं टूटे रहते हैं। पिछले दो सप्ताह
से पाइप लाइन टूटी हुई है। जिसके चलते कॉलोनी में पेयजल की सप्लाई नहीं होती है। पाइप लीकेज होने से सप्लाई में गंदा जल आता है, लेकिन दो सप्ताह से कॉलोनी के एक हिस्से में पानी नहीं आ रहा है। इसके कारण पेयजल का संकट गहरा गया है। इसलिए जो लाइन कमजोर हो चुकी है उसे बदला जाए और कालोनी में स्वच्छ जल सप्लाई किया जाए।
आधा घंटे मिलता है पानी
महिला सुनीता ने बताया कि कॉलोनी में पहले सुबह चार से आठ बजे तक चार घंटे पानी की सप्लाई दी जाती थी, लेकिन अब मुश्किल से आधा घंटे ही पानी दिया जा रहा है। जबकि कालोनी के एक हिस्से में तो 15 दिनों से बिल्कुल ही पानी नहीं आता है। इससे हैंडपंप या दूसरी कालोनियों से पानी लाना पड़ता है।
पीने का भी नहीं मिल रहा पानी
महिला निर्मला ने बताया कि उनकी कॉलोनी में ट्यूबवेल का पानी सप्लाई होता है। लेकिन कालोनी की पाइप जर्जर हो चुकी है और जगह-जगह पर टूटी हुई है। इससे जहां कॉलोनी की गलियों में पानी जमा हो रहा है, वहीं उनके घरों तक पानी नहीं पहुंच रहा है। इतना होने के बावजूद भी विभाग के अधिकारी व कर्मचारी इस तरफ ध्यान नहीं दे रहे हैं।
जन स्वास्थ्य विभाग के जेई अमरीक सिंह ने बताया कि कॉलोनी में एक पाइप में खराबी आई हुई है। उसको ठीक कराने का काम अभी से शुरू करा दिया जाएगा। शाम तक कॉलोनी के लोगों की समस्या का समाधान कर दिया
जाएगा।