शहर के लोगों को जल्द ही जाम के झाम से निजात मिलेगी। जींद-पानीपत रेलवे लाइन पर बनने वाले अंडर पास के लिए के लिए लगभग सभी प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं। बस इसके लिए टेंडर अलाट होने बाकी हैं। अगले एक माह के अंदर टेंडर जारी किए जाएंगे।
टेंडर जारी होने के एक साल के अंदर-अंदर अंडर पास का निर्माण कार्य पूरा किया जाएगा। लगभग छह करोड़ की लागत से बनने वाले इस अंडर पास के निर्माण से रोहतक रोड, भिवानी रोड व हांसी रोड की तरफ जाने वाले वाहन चालकों को जाम के झाम से निजात मिलेगी। वहीं इन रूटों की तरफ जाने वाले वाहन चालकों के लिए यह शार्ट कट का काम करेगा।
2012 में पूर्व मुख्यमंत्री ने की थी अंडर पास की घोषणा
जींद शहर के लोगों को जाम से निजात दिलवाने के लिए तीन जून 2012 को जींद की नई अनाज मंडी में हुई कांग्रेस की विकास रैली में तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने मिनी बाईपास के निर्माण की घोषणा की थी। शहर के सफीदों रोड से बस स्टैंड के पास से रजवाहे के ऊपर से होते हुए मिनी बाईपास भिवानी रोड पर निकाला गया है। मार्च 2013 में इस मिनी बाईपास का निर्माण कार्य पूरा हो गया था लेकिन मिनी बाईपास के बीच में पड़ने वाली जींद-पानीपत तथा दिल्ली-जींद रेलवे लाइन पर अंडर पास नहीं बनाए जाने के कारण यह आज तक शुरू नहीं हो पाया।
जाम से मिलेगी निजात
शहर में जाम का बुरा हाल है। जाम से बचने के लिए लोग मिनी बाईपास का सहारा लेते हैं, लेकिन यहां पर रेलवे लाइन क्रासिंग करने के लिए अंडर पास या ओवर ब्रिज नहीं बनाया गया है। इसके चलते बाइक चालकों को रेलवे लाइन क्रासिंग करने में दिक्कत आती है। अंडर पास का निर्माण होने से शहर के लोगों को जाम से निजात मिल जाएगी। -संजय, निवासी, रोहतक रोड
दुर्घटनाओं का बना रहता है अंदेशा
जाम से बचने के लिए मिनी बाईपास काफी शार्ट कट पड़ता है। लेकिन यहां पर अंडर पास नहीं होने के कारण बाइक चालकों को रेलवे ट्रैक से ही बाइकों को निकालना पड़ता है। इससे यहां हर वक्त हादसा होने का अंदेशा बना रहता है। अंडर पास बनने के बाद लोगों को काफी राहत मिलेगी। - वीरेंद्र, निवासी, रोहतक रोड
मिनी बाईपास के रास्ते से हटेगी बाधा
जींद-पानीपत रेलवे ट्रैक पर अंडर पास नहीं होने के कारण करोड़ों रुपये खर्च कर तैयार मिनी बाईपास का शहर के लोगों को कोई लाभ नहीं मिल रहा है। मिनी बाईपास पर यह रेलवे लाइन बाधा बनी है। अन्ना टीम पिछले तीन वर्षों से अंडर पास बनवाने की मांग को लेकर अभियान चलाए हुए है। इसी का परिणाम है कि अब अगले एक माह तक रेलवे द्वारा अंडर पास के लिए टेंडर निकाले जाएंगे। यहां पर अंडर पास बनने से मिनी बाईपास की सबसे बड़ी बाधा दूर होगी। -हितेश हिंदुस्तानी, सदस्य अन्ना टीम
जींद-पानीपत रेलवे लाइन पर रजवाहा नंबर सात पर अंडर पास बनाने के लिए टेंडर जारी करने के लिए प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इस प्रक्रिया के पूरे होते ही टेंडर जारी कर दिए जाएंगे। इस प्रक्रिया को पूरी होने में 15 से एक माह तक का समय लग सकता है। -संजीव गर्ग, डिप्टी चीफ इंजीनियर, रेलवे