जींद। हाइड्रोजन ट्रेन का हाई स्पीड का ट्रायल 26 जून को होगा। इस बार ट्रायल दिल्ली से वाया सोनीपत होते हुए जींद तक किया जाएगा। बुधवार को लखनऊ से आरडीएसओ की टीम पहुंच चुकी है।
ट्रायल के लिए एक टैंकर गैस पुणे मंगवाई गई है। गैस को ट्रेन में भरा जा रहा है। ट्रायल प्रक्रिया की निगरानी के लिए अनुसंधान अभिकल्प एवं मानक संगठन (आरडीएसओ) की टीम पहुंची हुई है। टीम ट्रेन में वायरिंग और प्लेटिंग का काम कर रही है।
आरडीएसओ की टीम ट्रायल के दौरान ट्रेन के ब्रेकिंग सिस्टम की कार्यक्षमता का विशेष रूप से परीक्षण करेगी। यह देखा जाएगा कि अधिक गति पर ट्रेन कितनी दूरी में सुरक्षित रूप से रुकती है और आपात स्थिति में ब्रेकिंग सिस्टम किस प्रकार प्रतिक्रिया देता है।
इसके अलावा ट्रेन में उत्पन्न होने वाले कंपन का भी विश्लेषण किया जाएगा, ताकि यात्रियों के लिए आरामदायक और सुरक्षित सफर सुनिश्चित किया जा सके। ट्रायल के दौरान सुरक्षा मानकों की भी बारीकी से जांच की जाएगी।
विशेषज्ञ यह परखेंगे कि ट्रेन के सभी उपकरण निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य कर रहे हैं या नहीं। साथ ही ट्रैक की स्थिरता का भी परीक्षण किया जाएगा, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि तेज गति के दौरान ट्रैक पर किसी प्रकार का प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ रहा है।