केंद्र सरकार द्वारा लाए गए कृषि विधेयकों के विरोध में किसान संगठनों के आह्वान पर शुक्रवार को भारत बंद का जिले में मिलाजुला असर रहा। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां किसानों ने 15 स्थानों पर सड़क जाम कर विरोध जताया तो वहीं शहरों में अन्य दिनोें की तरह बाजार खुले रहे। जींद की अनाज मंडी में आढ़तियों ने किसानों के समर्थन में दुकानें बंद रखीं।
भारत बंद के आह्वान पर सुबह दस बजे से ही सड़क जाम करने का सिलसिला शुरू हो गया था। भारतीय किसान यूनियन ने रामराय गांव में सड़क बंद कर आंदोलन किया। इसके चलते प्रशासन ने बरवाला मार्ग से वाहनों को निकाला। इसके साथ ही जुलाना, किनाना, नगूरां व अलेवा सहित अन्य जगहों पर भी रोड जाम किया गया। कुछ जगह पर सुबह दस बजे से शाम चार बजे तक किसान सड़क पर बैठे रहे तो कुछ जगहों पर सांकेतिक रूप से सड़क जाम की।
निडाना गांव के बस स्टॉप बैठे किसान, कांग्रेस विधायक ने किया समर्थन
आंदोलन के तहत किसानों ने निडाना गांव के बस अड्डे के नजदीक सांकेतिक सड़क जाम किया। इस दौरान सफीदों से कांग्रेस के विधायक सुभाष गांगोली ने भी उनको समर्थन देने के लिए पहुंचे। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार किसानों को बर्बाद करने के लिए कानूनों को थोप रही है। इस मौके पर विरेंद्र मलिक, नवीन राठी, नरेश मलिक, डीके मलिक, वेद, रोहताश, देवा, रोबिन, दीपक, प्रदीप व रिंकू मौजूद रहे।
पौने पांच घंटे बंद रहा जींद-रोहतक मार्ग
जुलाना में कृषि विधेयकों एवं श्रम कानूनों में बदलाव को लेकर जुलाना की नई अनाज मंडी के सामने जींद-रोहतक मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉली व कटे हुए पेड़ों के अवरोध लगाकर राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम किया गया। जाम सुबह साढ़े 10 लगाया और सवा तीन बजे खोला गया। पुलिस ने रास्ता बदल कर वाहनों को करसोला, रामकली, शामलो कलां, पडाना, निडानी से होते गोहाना मार्ग से जींद तक निकाला। साढ़े 10 बजे आढ़ती एसोसिएशन के जिला प्रधान राजपाल लाठर, इनेलो के हलका अध्यक्ष कृष्ण लाठर, कांग्रेस नेता रोहित दलाल, धर्मेंद्र ढुल, सुभाष अहलावत, जुलाना के आढ़ती एसोसिएशन के प्रधान जसवंत, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के प्रधान ईश्वर ठाकुर, खेत यूनियन संघ के प्रधान सूरजभान व सुभाष पांचाल के साथ काफी किसान जाम में बैठे रहे। इसके बाद लोगों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली, पेड़ व ट्रक अड़ाकर जींद-रोहतक जाम कर दिया। यहां पर लोगों ने सरकार के खिलाफ जमकर
कृषि विधेयकों के विरोध को लेकर भारत बंद का नहीं दिखा असर
उचाना में कृषि विधेयकों को लेकर किसान व आढ़तियों सहित अन्य संगठनों द्वारा भारत बंद का असर उचाना में नजर नहीं आया। कपास मंडी में आढ़ती व किसान सहित अन्य संगठनों के पदाधिकारी एकत्रित हुए। अनाज मंडी में पैदल मार्च निकालते हुए लाला प्रभुदयाल चौधरी चौक रोड, लितानी रोड, डाकघर रोड, रेलवे रोड, पुराना बस स्टैंड रोड से होते हुए वापस कपास मंडी पहुंचे। कपास मंडी व पुरानी मंडी में दुकान पूरी तरह से बंद रही। बाजार में दुकानदारों द्वारा एक बार तो अपनी दुकानें बंद कर ली गई थी, लेकिन कुछ देर बाद बाजार खुल गए। जब पैदल मार्च बाजारों में किया जा रहा था तो पुलिस किसी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पीछे-पीछे पीसीआर में चल रही थी। कामरेड फूल सिंह श्योकंद व आजाद पालवां ने कहा कि जो विधेयक केंद्र सरकार लेकर आई है वह पूरी तरह से किसान, आढ़ती व मजदूर विरोधी हैं।
दुकानदार से हुई तकरार
डाकघर रोड पर दुकान बंद करने को लेकर एक दुकानदार से तकरार भी हो गई। दुकानदार जब दुकान बंद कर रहा था तो पैदल मार्च में शामिल लोगों को लगा कि दुकान बंद नहीं कर रहा ऐसे में आपस में तकरार हुई। वहां मौजूद लोगों ने बीच-बचाव किया। इस पर डाकघर रोड के दुकानदारों में रोष हो गया, जिस पर बंद दुकानों को तुरंत दुकानदारों ने खोल दिया।
भारत बंद के दौरान किसानों ने हाईवे व सहायक मार्गों पर लगाया जाम
किसानों ने काले झंडे लेकर रोष व्यक्त किया
सफीदों में कृषि विधेयकोें के खिलाफ नहर पुल चौक पर किसानों ने धरना दिया। बाजार में घूमकर दुकानों को बंद करवाया। इस दौरान किसान हाथों में काले झंडे लिए हुए नारेबाजी कर रहे थे। वहीं किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल मौके पर तैनात रहा। किसान वरुण खर्ब ने कहा कि सरकार किसानों और आढ़तियों का आपसी भाईचारा खराब करने की कोशिश कर रही है।
किसान, आढ़ती जींद-असंध मार्ग पर टेंट लगाकर बैठे
अलेवा में व्यापारी एसोसिएशन के प्रधान सतीश कुमार की अध्यक्षता में किसानों, आढ़तियों ने जींद-असंध मार्ग के अलेवा मुख्य चौक पर टेंट लगाकर बैठ गए। किसानों व व्यापारियों के जाम का किसान नेता रतनमान व अखिल भारतीय किसान सभा के जिला प्रधान रोहताश नगूरां ने समर्थन किया।
नेशनल हाईवे पर पेड़ गिराकर जाम लगाकर नारेबाजी करते किसान।- फोटो : Jind
रामराय गांव में सड़क जाम कर बैठे भारतीय किसान यूनियन के सदस्य।- फोटो : Jind
रामराय गांव में सड़क जाम कर नारेबाजी करते भारतीय किसान यूनियन के सदस्य।- फोटो : Jind
किसानों के भारत बंद के आह्वान के बाद भी लाला प्रभुदयाल चौक रोड पर खुला बाजार।- फोटो : Jind
उचाना की पुरानी मंडी में पैदल मार्च निकालते किसान।- फोटो : Jind