जींद। सरकार के निर्देश के बाद सोमवार को 24 दिन बाद स्कूलों में 10वीं-12वीं की कक्षाओं का संचालन किया गया। बच्चों को हेल्थ रिपोर्ट के साथ स्कूल पहुंचना था, लेकिन रिपोर्ट नहीं होने पर अधिकतर बच्चे स्कूल गए ही नहीं। वहीं, कुछ बच्चे बिना जांच रिपोर्ट ही स्कूल पहुंचे, जिन्हें वापस घर भेज दिया गया। इस कारण स्कूलों में शिक्षक दिनभर खाली बैठे रहे। उधर, जुलाना ब्लॉक के निजी व सरकारी स्कूलों में 1590 विद्यार्थी पहुंचे। इनमें से केवल 50 विद्यार्थियों के पास ही हेल्थ कार्ड थे। अन्य विद्यार्थियों को थर्मल स्क्रीनिंग के बाद प्रवेश दे दिया गया।
शिक्षा विभाग की ओर से कहा जा रहा है कि 21 दिसंबर से 9वीं और 11वीं की कक्षाएं भी शुरू होंगी। जिले में 9वीं से 12वीं कक्षा के करीब 37 हजार विद्यार्थी हैं। ऐसे में इतने विद्यार्थियों के स्वास्थ्य की जांच कर हेल्थ कार्ड देना विभाग के लिए चुनौती होाग। बिना हेल्थ कार्ड स्कूल में प्रवेश की अनुमति नहीं है। इसलिए सोमवार को ज्यादातर अभिभावक अपने बच्चों को लेकर स्वास्थ्य जांच के लिए नागरिक अस्पताल व सीएचसी-पीएचसी पहुंचे।
गौरतलब है कि दो नवंबर को स्कूल खुलने के बाद जिले में 30 विद्यार्थी कोरोना संक्रमित मिले थे। बोर्ड परीक्षा की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए सरकार व शिक्षा विभाग द्वारा सोमवार से 10वीं व 12वीं कक्षा के लिए सशर्त स्कूल खोले गए। इस दौरान निगेटिव रिपोर्ट वाले विद्यार्थियों को ही स्कूल आने की अनुमति दी जाएगी। यह स्वास्थ्य जांच रिपोर्ट स्कूल प्रवेश से 72 घंटे पुरानी नहीं होनी चाहिए।
14 दिसंबर से 10वीं व 12वीं कक्षा के विद्यार्थी दोबारा से स्कूल खोले गए हैं। बोर्ड परीक्षा की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है। विद्यार्थी को स्कूल में आने से पहले अपनी स्वास्थ्य जांच रिपोर्ट साथ में लानी होगी, जिसमें यह लिखा हो कि विद्यार्थी में कोरोना के लक्षण नहीं हैं। वहीं अभिभावकों से भी लिखित में मंजूरी होनी चाहिए। सोमवार को हेल्थ रिपोर्ट नहीं होने के कारण कम ही विद्यार्थी स्कूल पहुंचे।
- मदन सिंह चोपड़ा, जिला शिक्षा अधिकारी जींद।
जुलाना : स्कूलों में पहुंचे 1590 विद्यार्थी, मात्र 50 के पास थी हेल्थ रिपोर्ट
जुलाना। कस्बे के निजी व सरकारी स्कूलों में सोमवार को 10वीं-12वीं कक्षा के 1590 विद्यार्थी पहुंचे। इनमें से मात्र 50 विद्यार्थियों के पास ही हेल्थ कार्ड थे। अन्य विद्यार्थियों को थर्मल स्क्रीनिंग के बाद विद्यालयों में प्रवेश दिया गया। स्कूल प्रबंधन की ओर से कोरोना से बचाव के सभी इंतजाम किए गए। सभी विद्यार्थी व शिक्षक मास्क पहने नजर आए। जांच के दौरान जिन विद्यार्थियों का तापमान अधिक मिला, उन्हें वापस भेज दिया गया। खंड शिक्षा अधिकारी राकेश कपूर ने बताया कि सोमवार को 100 विद्यार्थी जुलाना के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचे, जिसको स्वास्थ्य विभाग ने जांच के बाद हेल्थ कार्ड जारी किए।