संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। डीआरएम पुष्पेश रमन त्रिपाठी ने बुधवार को जींद जंक्शन का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने रनिंग रूम में रसोई से लेकर टॉयलेट क्लीनर की जानकारी ली। हाइड्रोजन प्लांट में भी मिली खामियों को लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए।
डीआरएम बुधवार को नरवाना के बाद जींद जंक्शन का निरीक्षण करने पहुंचे थे। उन्होंने निरीक्षण की शुरुआत रनिंग रूम से की। शुरुआत में रसोई में घुसते ही उन्होंने गैस पाइप को लेकर पूछा। यह पाइप अंदर से क्यों आ रही है। जबकि यह बाहर से आनी चाहिए। इसके बाद अधिकारियों ने बाहर से पाइप लाने के लिए कहा। फिर डीआरएम ने लोको पायलट के बैड रूम, टॉयलेट का भी निरीक्षण किया।
कर्मचारी से कहा कि टॉयलेट में कंपनी का क्लीनर का प्रयोग करो। उन्होंने वहां रखी वाशिंग मशीन के बारे में भी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि लगता है यह वाशिंग मशीन बिना प्रयोग के ही खराब हुई लगती है जिस पर अधिकारी भी चुप्पी साध गए। इसके बाद डीआरएम ने कमरे में रखी एक मशीन के बारे में पूछा तो कर्मचारियों ने कहा कि यह वैकूम क्लीनर है। इस पर डीआरएम ने कहा कि यह क्या धूल खींचता होगा, इस पर तो खुद ही इतनी धूल जमा है।
रनिंग रूम में बने कमरोें में लकड़ी के फट्टों पर भी डीआरएम ने एतराज जताया। पार्किंग स्थल को लेकर कर्मचारियों ने बताया कि यहां दो पहिया और चार पहिया वाहन चालक के साथ-साथ आटो व ई रिक्शा चालकों के लिए भी अलग से पार्किंग बनी है। इसके बाद डीआरएम आटो पार्किंग की ओर चले गए तो वहां उन्हें आटो सड़क किनारे खड़े दिखाई दिए। इस पर डीआरएम ने एतराज जताया। डीआरएम ने टिकट घर का निरीक्षण किया और वह अपनी स्पेशल ट्रेन में दिल्ली की ओर निकल गए।
03जेएनडी42-रनिंग रूम में टॉयलेट क्लीनर की जानकारी लेते डीआरएम पुष्पेश रमन त्रिपाठी। संवाद