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सीईटी...दूसरे दिन सुबह 2:50 बजे चली पहली बस

Mon, 28 Jul 2025 12:58 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, जींद
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27जेएनडी10-निर्धारित परीक्षा केंद्र पर जाने के लिए बस में रवाना होते हुए अभ्यर्थी और उनके साथ प
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जींद। सीईटी (कॉमन इलिजिबिलिटी टेस्ट) के दूसरे दिन रविवार को सुबह के सत्र में रायचंदवाला रोड पर दालमवाला पब्लिक स्कूल में बने परीक्षा केंद्र पर अभ्यर्थियों को प्रश्न पत्र की सील चेक कराए बिना ही पेपर बांट दिया। इस पर कुछ अभ्यार्थियों ने आपत्ति जताते हुए विरोध किया। हिसार निवासी प्रवीण ने एचएसएससी चेयरमैन के नाम लिखी शिकायत में बताया कि 27 जुलाई को सुबह की शिफ्ट में पेपर था।
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उनका सेंटर दालमवाला पब्लिक स्कूल ब्लॉक बी के कमरा नंबर 18 में आया हुआ था। एचएसएससी की गाइडलाइन के अनुसार प्रश्न पत्र और ओएमआर सीट बांटने से पहले इसकी सील चेक कराना जरूरी होता है। इसके लिए परीक्षार्थियों की सहमति के बाद ही प्रश्न पत्र बांटा जाता है। कमरा नंबर 18 में ड्यूटीरत स्टाफ ने प्रश्न पत्र की सील चेक और अभ्यर्थी के साइन करवाए बिना ही प्रश्न पत्र बांटने शुरू कर दिए।
इस पर दो अभ्यर्थियों ने आपत्ति जताई, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। कुछ देर बाद सुपरवाइजर को भी शिकायत दी गई जिसके बाद साइन करवाए गए लेकिन उनके सामने प्रश्न पत्रों की सील नहीं खोली गई। कमरों में लगे सीसीटीवी कैमरों को चेक किया जा सकता है। अभ्यर्थियों ने कहा कि ऐसे में पेपर लीक होने जैसी घटना की आशंका रहती है। ऐसे में इस मामले की उचित जांच होनी चाहिए। एडीसी विवेक आर्य ने कहा कि वह मामले में जांच करेंगे।
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वहीं सीईटी परीक्षा के दूसरे दिन रविवार को भी परिवहन सुविधा का अभ्यर्थियों को लाभ मिला। दूसरे दिन जिलेभर से सीईटी अभ्यर्थियों की परीक्षा के लिए 582 बस चलाई गई, जो 31 हजार 80 अभ्यर्थियों को कैथल, करनाल और पानीपत में परीक्षा केंद्रों तक लेकर गई। वहीं 98 बस शटल बस सर्विस के रूप में प्रयोग की गई, जो 3700 अभ्यर्थियों को लेकर जींद जिले में बने 49 परीक्षा केंद्रों के लिए लेकर रवाना हुई। हिसार और फतेहाबाद जिले के अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र जींद में आया हुआ था, जिनकी सुविधा के लिए शटल बस सर्विस लगाई गई थी।
रविवार को जींद बस स्टैंड से कैथल के लिए पहली बस सुबह दो बजकर 50 मिनट पर चली। इसके बाद सुबह तीन बजे करनाल के लिए दूसरी बस, फिर सवा तीन बजे करनाल, साढ़े तीन बजे करनाल, 3:40 बजे कैथल, पौने चार बजे करनाल, 3:50 बजे पानीपत, 3:55 बजे करनाल, चार बजे करनाल, 04:05 बजे पर कैथल, 4:10 बजे पर करनाल, सवा चार बजे करनाल के लिए दो बसें, 4:20 बजे कैथल, करनाल, 4:25 बजे करनाल और पानीपत, साढ़े चार बजे करनाल के लिए बस रवाना हुई। सुबह छह बजे तक 50 से अधिक बस जींद बस स्टैंड से करनाल, पानीपत और कैथल के लिए रवाना हुई। वहीं रविवार को दूसरे दिन जिलेभर से पानीपत, कैथल और करनाल जाने वाले अभ्यर्थियों के लिए 582 बसों का संचालन किया गया।
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रोडवेज महाप्रबंधक ने खुद की गाड़ी से अभ्यर्थी को पहुंचाया दालमवाला परीक्षा केंद्र तक
हिसार जिले का एक अभ्यर्थी परीक्षा के लिए लेट हुआ तो जींद रोडवेज जीएम राहुल जैन ने अभ्यर्थी को अपनी गाड़ी में बैठाकर परीक्षा केंद्र के लिए रवाना किया। हिसार जिले के बहबलपुर गांव का रामधन दूसरी शिफ्ट में परीक्षा देने के लिए दोपहर 02:02 बजे जींद बस अड्डे पर पहुंचा था। रामधन का परीक्षा केंद्र दालमवाला पब्लिक स्कूल में था जो जींद शहर से बाहर गांव दालमवाला में स्थित है। परीक्षा में प्रवेश का समय 2:15 बजे तक का था। रामधन परीक्षा के लिए लेट होता दिखा तो जीएम राहुल जैन ने अपनी गाड़ी में बैठाकर चालक को परीक्षा केंद्र तक छोड़ने के निर्देश दिए। चालक रविंद्र ने टीम सदस्य अनूप लाठर के साथ रामधन को समय पर स्कूल पहुंचाया। इसके अलावा 26 जुलाई को भी रोडवेज महाप्रबंधक ने एक परीक्षार्थी, जिसका सेंटर फतेहाबाद था, उसे अपनी गाड़ी में बैठाकर ईक्कस से फतेहाबाद जाने वाली बस में बैठाया था। इसके अलावा बस स्टैंड परिसर में बने हॉल में दो दिन तक अभ्यर्थियों के लिए ठहरने की व्यवस्था रोडवेज कर्मचारियों की ओर से की गई थी।

वर्जन
सीईटी के दूसरे दिन जो अभ्यर्थी देर होने के कारण अपने घर वापस नहीं लौट सके, वह अभ्यर्थी सोमवार को भी एडमिट कार्ड दिखाकर रोडवेज और परिवहन समिति की बस में परीक्षा केंद्र से अपने गृह जिला के लिए निशुल्क यात्रा कर सकेंगे। 26 और 27 जुलाई को दो दिन तक सीईटी के दौरान रोडवेज, स्कूली बस, परिवहन समिति की बसों के माध्यम से अभ्यर्थियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी गई।
राहुल जैन, रोडवेज महाप्रबंधक जींद डिपो।

दूसरे दिन 24738 में से 23338 परीक्षार्थियों ने दी दोनों सत्र में परीक्षा

डीसी मोहम्मद इमरान रजा ने कहा कि कड़े सुरक्षा प्रबंधों के बीच दूसरे दिन सीईटी की परीक्षा का शांतिपूर्वक समापन हुआ। उन्होंने कहा कि सीईटी की परीक्षा के दूसरे दिन दोनों सत्रों में 24738 में से 23338 परीक्षार्थी परीक्षा में बैठे। सुबह के सत्र में 11738 और शाम के सत्र में 11600 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। दोनों सत्र में कुल 1400 अभ्यर्थी गैर हाजिर रहे।



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मंगलसूत्र उतारने को लेकर हुई कहासुनी, मंगलसूत्र उतार दी दी परीक्षा



राजकीय महाविद्यालय में आयोजित सीईटी के दौरान एक महिला अभ्यर्थी से मंगलसूत्र उतारने की मांग को लेकर कहासुनी हो गई। जब हिसार के गुल्लेरी गांव से आई एक विवाहित महिला को परीक्षा केंद्र के कर्मचारियों ने मंगलसूत्र उतारने के लिए कहा तो उसने उतारने से मना कर दिया। महिला के पति ने इस पर विरोध जताया। उनका कहना था कि गाइड लाइन में स्पष्ट रूप से लिखा गया है कि विवाहित महिलाएं मंगलसूत्र पहन कर परीक्षा हॉल में प्रवेश कर सकती हैं। इसके बावजूद मेटल डिटेक्टर से जांच कर रहे कर्मचारियों ने मंगलसूत्र निकालने की मांग की है। इससे महिला को करीब एक घंटे तक परीक्षा केंद्र के प्रवेश द्वार पर रोका गया। महिला के पति ने बताया कि मंगलसूत्र निकालना हिंदू संस्कृति में अपशकुन माना जाता है। उस दिन हरियाली तीज भी थी और यह हमारी धार्मिक भावनाओं के खिलाफ है। बाद में महिला को मंगलसूत्र उतारने के बाद ही परीक्षा देने दिया गया। हालांकि दो दिनों में प्रशासन को मिले 25 जुड़वाओं ने थोड़ी परेशानी जरूर पैदा की। जांच के बाद इन अभ्यर्थियों को परीक्षा दिलवाई गई।

27जेएनडी10-निर्धारित परीक्षा केंद्र पर जाने के लिए बस में रवाना होते हुए अभ्यर्थी और उनके साथ प

27जेएनडी10-निर्धारित परीक्षा केंद्र पर जाने के लिए बस में रवाना होते हुए अभ्यर्थी और उनके साथ प

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