01जेएनडी17: शहर के नए बस अड्डे पर शुरू हुई कैंटीन में मौजूद कर्मचारी। संवाद
जींद। पांडू पिंडारा स्थित नए बस स्टैंड पर यात्रियों को लंबे इंतजार के बाद राहत मिली है। करीब तीन वर्षों से बंद पड़ी बड़ी कैंटीन सोमवार से दोबारा शुरू हुई है। अब बस स्टैंड पर यात्रियों को जलेबी, समोसा, ब्रेड-पकौड़ा, चाय और अन्य खाद्य सामग्री आसानी से उपलब्ध हो सकेगी।
नए बस स्टैंड के संचालन के बाद से कैंटीन खाली पड़ी थी। इस दौरान सर्दियों में इसका उपयोग रैन बसेरे के रूप में किया जाता रहा जबकि गर्मियों में यहां हैप्पी कार्ड रखने की व्यवस्था की गई थी। हाल ही में 21 मई को रोडवेज प्रशासन ने कैंटीन के लिए बोली प्रक्रिया पूरी की जिसके बाद इसे किराये पर आवंटित कर दिया गया।
कैंटीन का मासिक किराया 1.90 लाख रुपये निर्धारित किया गया है। इसका अनुबंध 31 मार्च 2028 तक रहेगा। 32 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित नए बस स्टैंड में यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कई व्यवस्थाएं की गई हैं।
प्रथम तल पर महाप्रबंधक कार्यालय और चालक-परिचालकों के लिए डोरमेट्री बनाई गई है जबकि भूतल पर संस्थान प्रबंधक कार्यालय, पूछताछ केंद्र और 17 व्यावसायिक दुकानें स्थापित की गई हैं।
वर्तमान में यहां एटीएम, सैलून, जूस कॉर्नर और बेबी फीड सेंटर संचालित हो रहे हैं। बस स्टैंड परिसर में पार्किंग की व्यवस्था अभी तक औपचारिक रूप से आवंटित नहीं हो सकी है। इससे वाहन लेकर आने वाले यात्रियों में सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है।
वर्जन
कैंटीन एक जून से शुरू हो चुकी है और यात्रियों को इसका लाभ मिल रहा है। पार्किंग के आवंटन की प्रक्रिया भी जारी है। फिलहाल एक कर्मचारी की ड्यूटी पार्किंग स्थल पर लगाई गई है जो वहां खड़े वाहनों की निगरानी करता है। बस अड्डे पर यात्रियों को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जा रही है।
-राहुल जैन, रोडवेज महाप्रबंधक जींद।