28जेएनडी24- परिवार सदस्यों के साथ दीपक कुमार और दुल्हन डिंकी। स्रोत परिजन
- फोटो : बहराइच मेडिकल कॉलेज के बाल रोग विभाग में भर्ती बीमार बच्चे।
जींद। उचाना की छोटूराम कॉलोनी निवासी ग्राम सचिव दीपक कुमार ने बिना दहेज के शादी कर समाज को सकारात्मक संदेश दिया है। उन्होंने अपनी शादी में केवल एक रुपये का भात और एक रुपये की सगाई ली।
उचाना ब्लॉक में ग्राम सचिव के पद पर कार्यरत दीपक कुमार 26 अप्रैल को असंध के अरड़ाना गांव की डिंकी के साथ विवाह बंधन में बंधे। दुल्हन डिंकी एमए इकोनॉमिक्स और बीएससी नॉन मेडिकल की पढ़ाई की है।
डिंकी के पिता सियाराम कौशिक नगर निगम करनाल में कार्यरत हैं। दीपक के पिता प्रवीण शास्त्री और उनकी माता की शुरू से ही यह इच्छा थी कि बेटे की शादी बिना किसी दान-दहेज के हो। प्रवीण शास्त्री ने बताया कि उन्होंने शादी तय होने के समय ही लड़के के मामा को सूचित कर दिया था कि वे भात के रूप में केवल एक रुपया लेंगे।
शादी के दिन जब दुल्हन पक्ष ने दान-दहेज देने का प्रयास किया तो लड़के वालों साफ इनकार हुए केवल एक रुपये की सगाई ली। दीपक ने भी सभी लोगों के बिना दान-दहेज के शादी करने का आग्रह किया है।