फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बॉक्सर सुमित का कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए हुआ चयन

विज्ञापन
कोच वेदप्रकाश के साथ बॉक्सर सुमित का फाइल फोटो। - फोटो : Jind
विज्ञापन
जींद। गांव ढाकल निवासी सुमित का इंग्लैंड में 28 जुलाई से आठ अगस्त तक होने वाले कॉमनवैल्थ गेम्स में बॉक्सिंग चैंपियनशिप के लिए चयन हुआ है। बॉक्सर सुमित इस समय आयरलैंड में आयोजित प्रशिक्षण कैंप में भाग ले रहे हैं।
विज्ञापन

सुमित के चयन पर नरवाना नगर परिषद अध्यक्षा मुकेश रानी मिर्धा, एसडी महिला महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. अंजना लोहान, समाजसेवी जीत मोर ने खुशी व्यक्त की और गोल्ड मेडल लाने को उम्मीद जताई।
बॉक्सर सुमित के कोच वेदप्रकाश ने बताया कि सुमित ने वर्ष 2013 में बॉक्सिंग खेलना शुरू किया था। इसके बाद स्कूल नेशनल प्रतियोगिता में उन्होंने गोल्ड जीता। इसके बाद सुमित ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा और वर्ष 2018 और 2019 में लगातार दो वर्ष तक खेलो इंडिया प्रतियोगिता में गोल्ड जीता। कोच वेदप्रकाश ने बताया कि सुमित 21 महार रजिमेंट में हवलदार के पद पर तैनात हैं और बाक्सिंग के प्रति उनका जुनून उन्हें लगातार आगे बढने की प्रेरणा दे रहा है। सुमित ही भारत के एक मात्र ऐसे बॉक्सर हैं, जिन्होंने एक साल में दो बार विश्व चैंपियनशिप में भाग लिया। इनमें एक यूथ तथा एक सीनियर चैंपियनशिप शामिल है।
विज्ञापन

सुमित कुंडू ने वर्ष 2018 में रोहतक सांई केंद्र में हुई प्रतियोगिता में पदक प्राप्त किया। इसी साल मेंटेजिरो व पौलेंड में हुई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भी उन्होंने भाग लिया। 2018 में ही मोहाली में आयोजित हुई दूसरी जूनियर पुरूष प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता। 15वीं अंतरराष्ट्रीय यूथ बॉक्सिंग चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता। वर्ष 2019 में उत्तराखंड में आयोजित तीसरी राष्ट्रीय पुरूष बॉक्सिंग चैंपियनशिप में रजत पदक जीता। 2021 में दो बार विश्व चैंपियनशिप में भी भाग ले चुके हैं। कोच वेदप्रकाश ने बताया कि सुमित के पिता की काफी समय पहले मौत हो चुकी है जबकि मां रामराति ग्रहणी हैं व सिलाई का कार्य करती हैं। अब जींद के साथ-साथ देश को भी सुमित से गोल्ड की आस है। बॉक्सर सुमित ने बताया कि वह गोल्ड लाने के लिए प्रतिदिन 10 से 12 घंटे प्रैक्टिस करता है। उसे पूरी उम्मीद है कि वो देश के लिए गोल्ड अवश्य लाएंगे। उनका बस एक ही सपना है कि वो देश के लिए गोल्ड लाएं और वो अपने इस सपने को पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें