लॉकडाउन के दौरान दुकानोें को खोलने के लिए प्रशासन द्वारा शेड्यूल बनाया गया है। शुरू में बाजार में खुली दुकान के बाद भीड़ अधिक दिखाई दी। प्रशासन द्वारा की गई सख्ती के बाद अब बाजार में लॉकडाउन का असर दिखाई देने लगा है।
रेलवे रोड, लितानी रोड, डाकघर रोड, पुराना बस स्टैंड रोड व फाटक के आसपास अब अधिकांश दुकानदार शेड्यूल के अनुसार दुकान खोल रहे हैं। पुलिस भी गश्त कर रही है। अधिकांश दुकानदार सोशल डिस्टेंसिंग, ग्राहक का नाम रजिस्टर में लिखने सहित अन्य प्रशासन की हिदायतों का पालन भी करते नजर आ रहे हैं।
दुकानदार मनोज, सुनील, अमित व सतीश ने कहा कि कोरोना वायरस से बचने के लिए खुद दुकानदार सजग हैं। प्रशासन द्वारा दुकानों को खोलने के लिए शेड्यूल बनाया गया है। लॉकडाउन के चलते गांव से लोग जैसे-तैसे बाजारों में सामान लेने आते हैं, क्योंकि बस सहित अन्य वाहन बंद हैं। दुकानों के शेड्यूल के अनुसार अब सामान लेने के लिए दूसरे गांव से आना पड़ता है। दुकानदारों का कहना है कि पूरा बाजार अगर खुले तो दुकानों पर भीड़ भी कम होगी। बाजार में सामान लेने आने वाला अपनी जरूरत का सारा सामान लेकर जा सकेगा। हर रोज 8 से दोपहर एक बजे तक सभी दुकानों को खोला जाए, ताकि लोगों को सामान लेने में परेशानी न हो।
ग्रामीण दिलबाग, रमेश, रणधीर, सुनील ने कहा कि दुकानों के खुलने का समय बेशक सुबह आठ बजे से दोपहर एक बजे तक रहे लेकिन बाजार में सभी दुकान अगर रोज खुले तो इसका फायदा यह होगा कि एक दिन में ही वे अपनी जरूरत का सामान ले सकेेंगे। अलग-अलग दिन दुकान खुलने पर उन्हें दोबारा आना पड़ता है। स्थानीय प्रशासन को इस पर संज्ञान लेते हुए हर रोज सभी दुकानों को खुलने फैसला लेना चाहिए ताकि भीड़ भी बाजारों में कम हो।
आमजन कोरोना से बचें इसके लिए बनाया गया है शेड्यूल
दुकानों को खोलने का जो शेड्यूल बनाया गया है वह कोरोना वायरस से बचने के लिए जनता के हित के लिए बनाया गया है। यह जो दौर है वह अपनी जिंदगी को बचाने का है। इसमें जो फैसला लिया गया है वह समाज व राष्ट्रहित में है। हमें कोरोना को हराना है, इसके लिए सबको सरकार व प्रशासन का साथ देना है।
राजेश कोथ, एसडीएम, उचाना।