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संतुलित भोजन नहीं खाने से बिगड़ रहा स्वास्थ्य

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जींद। बदलती जीवनशैली व संतुलित भोजन नहीं खाने से लोगों का स्वास्थ्य बिगड़ रहा है। इसके अलावा फास्ट फूड व जंक फूड भी लोगों की सेहत बिगाड़ रहे हैं। फसलों में बढ़ते कीटनाशकों के छिड़काव का भी असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है। यह बातें नागरिक अस्पताल के डिप्टी एमएस डॉ. राजेश भोला ने मरीजों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करते हुए कही।
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डॉ. राजेश भोला ने कहा कि पहले लोग सुबह जल्दी उठते थे और रात को जल्दी सोते थे। अब लोगों का न तो सोने का सही समय है और न ही सुबह उठने का। देर रात तक लोग मोबाइल में खाये रहते हैं और सुबह भी देर से ही उठते हैं। भोजन भी समय पर नहीं करते। यदि रात को दस बजे से पहले सोया जाए और सुबह पांच बजे उठा जाए तो स्वास्थ्य सुधर सकता है। सुबह उठकर सैर के अलावा योग भी किए जा सकते हैं। खानपान में भी काफी बदलाव करने की जरूरत है। फास्ट फूड व जंक फूड से परहेज करना चाहिए। तली हुई चीजें स्वास्थ्य को बिगाड़ती हैं। जितना लोग साधारण खाना खाएंगे, उतनी ही सेहत ठीक रहेगी। रात को सोने से कम से एक दो घंटे पहले खाना खाना चाहिए। खाने में दालें, सलाद के अलावा हरी सब्जियों का अधिक प्रयोग करना चाहिए। हमेशा घर पर ही बना हुआ ही खाना खाना चाहिए।
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कीटनाशकों का प्रभाव बढ़ा रहा गुस्सा
फिजिशियन डॉ. नरेश वर्मा ने कहा कि आजकल किसान फसलों में अधिक कीटनाशक का प्रयोग करते हैं। यह जहर किसी न किसी तरीके से हमारे शरीर में प्रवेश कर रहा है। इसके कारण लोगों में गुस्सा बढ़ रहा है। गुस्से के कारण लोग उच्च रक्तचाप व निम्न रक्तचाप के शिकार हो रहे हैं। इसके अलावा कोल्ड ड्रिुंक तथा अन्य दुकानों पर मिलने वाले पेय पदार्थों से लोग मधुमेह के शिकार हो रहे हैं।
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वर्जन
अपना स्वास्थ्य खुद संभाल कर रखना लोगों के हाथों में है। यदि समय पर लोग भोजन करें, समय पर आराम करें तथा योगाभ्यास करें तो सेहत को ठीक रखा जा सकता है। धूम्रपान, शराब तथा अन्य व्यसनों से दूर रहना चाहिए। समय-समय पर शरीर की जांच करानी चाहिए। स्वास्थ्य विभाग समय-समय पर लोगों को जागरूक करता रहता है। -डॉ. लोकवीर, पीएमओ।
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