95 वर्षीय पूर्व विधायक का निधन
अमर उजाला ब्यूरो
नरवाना। हरियाणा की तीसरी विधानसभा में सदस्य रहे लाला गौरीशंकर का सोमवार रात्रि फरीदाबाद में लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। 95 वर्षीय पूर्व विधायक फिलहाल ओल्ड कोर्ट रोड स्थित एसडी महिला महाविद्यालय प्रबंधक कमेटी के संरक्षक थे। वह 1979 से लेकर 2015 तक 36 वर्ष एसडी महिला महाविद्यालय प्रबंधक कमेटी के प्रधान रहे। उन्होंने अपने कार्यकाल में महिला शिक्षा को आगे बढ़ाने में खूब योगदान किया। उनके बाद से उनके पुत्र सुरेश सिंघल प्रधान हैं। लाला गौरीशंकर को जाट बाहुल्य क्षेत्र नरवाना विधानसभा से विधायक बनने का गौरव प्राप्त था। हरियाणा बनने के बाद से और 2009 में हलका आरक्षित होने से पूर्व 1993 के उपचुनाव समेत 11 चुनाव हुए। जिनमें से 10 बार जाट प्रत्याशी जीते थे। चौधरी शमशेर सिंह सुरजेवाला चार बार, उनके बेटे रणदीप सिंह सुरजेवाला और ओमप्रकाश चौटाला दो-दो बार, चौधरी नेकीराम और टेकचंद नैन एक-एक बार विधानसभा पहुंचे थे। उन्होंने नरवाना विधानसभा से तीन और हिसार संसदीय क्षेत्र से एक चुनाव लड़ा, लेकिन उन्हें जीत सिर्फ पहले चुनाव 1972 में मिली।
उन्होंने पूर्व मंत्री टेकचंद नैन को हराकर हरियाणा की तीसरी विधानसभा में प्रवेश करने का मौका मिला। उन्होंने यह चुनाव एनसीओ के चुनाव चिह्न चरखा पर लड़ा था। लाला गौरीशंकर ने उस समय बीएएस के प्रत्याशी टेकचंद नैन को 1749 वोटों से हराया था। उस चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी चौधरी बीरेंद्र सिंह तीसरे स्थान पर रहे थे, जिन्हें 11086 मत प्राप्त हुए थे। सीपीआई के सुरेंद्र नाथ को 1967, निर्दलीय मामनचंद को 1139, आरपीआई के रतीराम को 603 और सेठ ननू मल को मात्र 333 वोट मिले थे। लाला गौरीशंकर ने इसके बाद 1977 में चुनाव नहीं लड़ा, लेकिन उन्होंने 1982 और 1991 में चुनाव लड़े और दोनों बार चौधरी शमशेर सिंह सुरजेवाला से चुनाव हार गए थे। 1991 में उन्होंने चौधरी बंसीलाल की पार्टी हविपा से चुनाव लड़ा था। उसके बाद उन्होंने 1996 में देवीलाल की पार्टी से हिसार संसदीय सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन वह जयप्रकाश से हार गए थे।
पूर्व विधायक लाला गौरीशंकर का निधन, अनेक ने शोक जताया
नरवाना। पूर्व विधायक लाला गौरीशंकर का सोमवार रात्रि फरीदाबाद में निधन हो गया। वह 95 वर्ष के थे। पिछले कई माह से बीमार चल रहे थे। ओल्ड कोर्ट रोड स्थित एसडी महिला महाविद्यालय में सुबह दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। उसके बाद बच्चों की छुट्टी कर दी गई। उनके निधन पर कांग्रेस पार्टी के मीडिया प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला ने शोक जताया। उन्होंने कहा कि लाला गौरीशंकर ने महिला शिक्षा क्षेत्र में काफी योगदान दिया। चौधरी शमशेर सिंह सुरजेवाला, विधायक पिरथी सिंह नंबरदार, प्रबंधक कमेटी के सचिव जियालाल गोयल, उपप्रधान राजकुमार गोयल, कोषाध्यक्ष जवाहर लाल सिंगला, प्रिंसिपल डॉ. पूनम शर्मा, बृजेंद्र सिंह सुरजेवाला, जगरूप सिंह सुरजेवाला, दिवान बालकृष्ण, भारत भूूषण गर्ग, कैलाश सिंगला, रोहताश सिंगला, अनिल आर्य, नरेश चंद, ईश्वर गोयल, एडवोकेट एमपी गुप्ता, सज्जन सिंगला, राजेश शर्मा, जयदेव बंसल, पूर्व पार्षद रामपाल उझाना, दिलबाग नैन, वीरेंद्र नैन, जगदीश पांचाल सहित अनेक लोगों ने संवेदना व्यक्त की।