कैप्टन अभिमन्यु का प्रदेश में होगा बहिष्कार : मलिक
अमर उजाला ब्यूरो
जींद।
जाट आरक्षण और जेलों में बंद युवाओं को की रिहाई के लिए जाट आरक्षण संघर्ष समिति की प्रदेश और राष्ट्रीय कार्यकारिणी की मीटिंग तीन दिसंबर को जसिया में होगी। इसमें आंदोलन की आगामी रणनीति की घोषणा की जाएगी।
वीरवार को जींद पहुंचे समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष यशपाल ने कहा कि वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु का प्रदेश में किस-किस जगह बहिष्कार किया जाएगा इसकी भी घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि जाट आरक्षण आंदोलन के दौरान विभिन्न मामलों में 320 युवक जेलों में बंद थे। इनमें से केवल पांच युवक अब तक जेल में हैं, बाकी सभी की जमानत हो चुकी है। यह पांच युवक भी कैप्टन अभिमन्यु के मामले में बंद हैं। कैप्टन अभिमन्यु ने कुछ लोगों को पैसे देकर समाज के विरोध में खड़ा कर दिया है, जो उनके कहने पर अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति का विरोध कर रहे हैं। तीन दिसंबर को होने वाली बैठक में रणनीति बनाकर इन लोगों की पोल खोली जाएगी। मलिक ने कहा कि जबकि कैप्टन अभिमन्यु अपने आपको भाजपा अध्यक्ष अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नजरों में ऊंचा उठाने के प्रयास में जाट समाज का विरोध करते हैं। इस मौके पर उनके साथ राष्ट्रीय महासचिव अशोक बलहारा, जिला प्रधान कैप्टन भूपेंद्र जागलान, कैप्टन रणधीर चहल, कैप्टन वेदप्रकाश बरसोला, कर्ण सिंह दलाल और बिजेंद्र संधू मौजूद रहे।
कैप्टन और बराला को छोड़कर सभी को बुलाया
मलिक ने कहा कि 26 नवंबर को जसिया में कोई राजनीति कार्यक्रम नहीं था, केवल सामाजिक कार्यक्रम था। इसमें कैप्टन अभिमन्यु और सुभाष बराला को छोड़कर सभी जाट मंत्रियों को निमंत्रण दिया गया था। जो जाट विरोधी चेहरे हैं, वह कार्यक्रम में नहीं पहुंचे।
सरकार के सलाहकार सही नहीं
मलिक ने कहा कि 26 नवंबर को एक शिलान्यास का कार्यक्रम था। इसके चलते ही सरकार ने इंटरनेट सेवाएं बंद कर लोगों में भय का माहौल बना दिया। इससे विदेशों से आने वाले लोग नहीं आ पाए। उन्होंने कहा कि इससे साफ है कि सरकार को सलाह देने वाले लोग सही नहीं हैं।
मैं हर जांच के लिए तैयार
गोहाना में एक कार्यक्रम के दौरान जाट नेता राजेश दहिया द्वारा यशपाल मलिक की संपत्ति की जांच करवाने की बात पर मलिक ने कहा कि वह हर जांच के लिए तैयार हैं। सीबीआई या ईडी उनकी जांच कर सकती हैं, लेकिन उनकी भी जांच होनी चाहिए, जिन्होंने सरकारी नौकरी में रहते देश को लूट लिया। उन्होंने कहा कि वह समाज के लोगों के समक्ष भी अपनी संपत्ति की जांच के लिए तैयार हैं।