21जेएनडी24: जिला खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम डेयरी में पनीर नष्ट करवाते हुए। स्रोत: विभाग
जींद। त्योहारी सीजन में खाद्य पदार्थों की बढ़ती मांग के बीच मिलावट की आशंका को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है। बुधवार को विभाग की टीम ने उचाना स्थित मां सरस्वती डेयरी में जांच के दौरान 140 किलोग्राम पनीर और 700 लीटर दूध मौके पर ही नष्ट कराया।
इसके अलावा डेयरी से दूध, पनीर और रिफाइंड तेल के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
त्योहारों के दौरान दूध, पनीर और मिठाइयों सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों की खपत बढ़ जाती है। ऐसे में मिलावटी या निर्धारित गुणवत्ता के अनुरूप नहीं पाए जाने वाले खाद्य पदार्थों की बिक्री लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन सकती है। इसे देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच कर रहा है ताकि उपभोक्ताओं को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध करवाई जा सके।
विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य खाद्य पदार्थों में मिलावट की आशंका पर अंकुश लगाना और लोगों की सेहत से खिलवाड़ रोकना है। डेयरी से लिए गए नमूनों की प्रयोगशाला जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य सामग्री खरीदते समय बरतें सावधानी
जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. अमन प्रकाश ढाका ने आमजन से अपील की कि त्योहारों के दौरान खाद्य सामग्री खरीदते समय सावधानी बरतें। खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों और संदिग्ध गुणवत्ता वाले दूध-पनीर से बचें। किसी खाद्य पदार्थ में मिलावट का संदेह होने पर संबंधित विभाग को सूचना दें ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।