रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के समर्थन में अन्य विभागों के कर्मचारियों ने लिया सामूहिक
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। रोडवेज कर्मचारी और प्रदेश सरकार के बीच मांगों को लेकर पिछले 11 दिन से लड़ाई जारी है। अब अन्य विभाग के कर्मचारी भी रोडवेज कर्मचारियों की मांगों के समर्थन में उतर गए हैं। शुुक्रवार को बिजली कर्मचारी, अध्यापक संगठन, आंगनबाड़ी वर्कर व छात्र संगठन सहित अन्य संगठन रोडवेज कर्मचारियों के साथ सामूहिक तौर पर एक दिन के लिए कार्य छोड़ कर हड़ताल का समर्थन किया। इससे बिजली सप्लाई पर असर देखा गया, अन्य सेवाएं सामान्य रही। सामूहिक अवकाश से स्वास्थ्य विभाग बेअसर रहा। यहां 690 में से महज 59 कर्मचारी ही अवकाश पर रहे।
गौरतलब है कि रोडवेज पिछले 11 दिनों से 720 प्राइवेट बस किलोमीटर स्कीम के तहत लाने का विरोध कर रहे हैं। हड़ताल के समर्थन में कर्मचारी महासंघ पहले ही हड़ताल शुरू कर चुका है और शुक्रवार को सर्व कर्मचारी संघ ने भी एक दिन के सामूहिक अवकाश से आंदोलन को समर्थन दिया। ऐसे में बिजली निगम को छोड़ कर अन्य विभागों में कामकाज सामान्य रहा। बजिली निगम में भी कई जगह फाल्ट आने पर ठीक नहीं हो सका, हालांकि बिजली सप्लाई सामान्य रही।
टिकट नहीं मिलने पर लोग पहुंचे रोडवेज जीएम के पास
शुक्रवार को यमुनानगर से जींद आई बस के यात्री टिकट नहीं मिलने की शिकायत लेकर रोडवेज जीएम के पास पहुंचे। यात्री गीता ने कहा कि बस में यात्रियों से टिकट के नाम पर रुपये लिए गए हैं। पर यात्रियों को टिकट नहीं दी गई। रोडवेज जीएम प्रदीप ने कहा कि रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के चलते बस को ठेकेदार के चालक चला रहे हैं और परिचालक के रूप में एसपीओ को तैनात किया गया है। एसपीओ को टिकट मुहैया नहीं करवाई गई। जिस कारण एसपीओ यात्रियों से टिकट नहीं दे पा रहे हैं और यात्रियों से स्टॉपेज अनुसार किराया लिया जा रहा है।
मांगे पूरी नहीं होने तक साथ में रहेगी आंगनबाड़ी वर्कर
आंगनबाड़ी वर्कर यूनियन कि उपप्रधान बिमला देवी ने कहा कि रोडवेज कर्मचारियों की मांगे जायज हैं। प्रदेश सरकार गलत नीतियों को लागू करने पर जोर दे रही है। जिसे कर्मचारी लागू नहीं होने देंगे। रोडवेज कर्मचारियों की मांगों को पूरा होने तक आंगनबाड़ी वर्कर रोडवेज कर्मचारियों के साथ हैं।
युवा इनेलो ने किया सर्व कर्मचारी संगठन की मांगों का समर्थन
युवा इनेलो नेता अनुराग खटकड़ ने हड़ताली रोडवेज कर्मचारियों के समर्थन में अनशन पर बैठे सर्व कर्मचारी संगठन को पूर्ण समर्थन देते हुए सरकार से बातचीत के जरिए हड़ताली कर्मचारियों की मांगे मानने की मांग की है। खटकड़ ने कहा कि सरकार की हठधर्मिता का खामियाजा प्रदेश की जनता को भुगतना पड़ रहा है। सरकार द्वारा जनता की जान को जोखिम में डालकर नौसीखिए ड्राइवरों से बसें चलवाई जा रही हैं। इससे दुर्घटना होने का डर बना रहता है।
सर्व कर्मचारी संघ का कर्मिक अनशन
रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के समर्थन में शुक्रवार को दूसरे दिन सर्व कर्मचारी संघ से संबंधित सभी कच्चे और पक्के कर्मचारियों ने एक दिन का सामूहिक अवकाश लेकर क्रमिक हड़ताल को जारी रखा। सर्व कर्मचारी संघ के जिला प्रधान रामफल दलाल ने कहा कि जब तक रोडवेज के कर्मचारियों की हड़ताल जारी रहेगी व 720 निजी बसों के परमिट रद्द नहीं होते तब तक सर्व कर्मचारी संघ का आंदोलन जारी रहेगा। इस अवसर पर रणधीर सिंह, सरदारा सिंह, रोहतास सरोहा, शमशेर कौशिक, महेंद्र गौतम, रोहतास आसन, बलजीत, अमित, मनजीत और राजेश मौजूद रहे।
अगर सरकार मांगे नहीं मानती तो जल्द करेंगे बिजली-पानी बंद
सफीदों। रोडवेज कर्मचारियों ने शुक्रवार को हरियाणा स्टेट इलेक्ट्रीसिटी वर्कर यूनियन यूनिट सफीदों संबंधित हरियाणा कर्मचारी महासंघ के कर्मचारियों की शरण ली है। जितेंद्र कुमार ने कहा कि सरकार ने बसों को चलाकर कोई तीर नहीं मारा है, अगर बिजली निगम कर्मचारियों ने लाइट बंद कर दी तो सरकार कितने ही कर्मचारी लगाकर प्रदेश को रोशन नहीं कर पाएगी। अगर जल्द ही मांगों को सरकार पुरा नहीं करती है तो कर्मचारी बिजली-पानी बंद करेंगे। उनकी सुरक्षा का कोई ध्यान नहीं रखा जा रहा।
दस दिन से रोडवेज में चालक लिए टेस्ट नहीं लेने पर युवती ने किया बवाल
जींद। शुक्रवार को नरवाना के कर्मगढ़ गांव की सपना भर्ती के लिए बस स्टैंड पर पहुंची। सपना का आरोप है कि उसके पास हैवी लाइसेंस है, लेकिन रोडवेज अधिकारी उसको टेस्ट देने तक का मौका नहीं दे रहे हैं। इसको लेकर सपना ने बस स्टैंड के बाहर बवाल काटा। इस पर पुलिस ने मौके पर पहुंच कर मामला शांत किया। सपना ने बस स्टैंड का गेट बंद करने की कोशिश की। जिस पर पुलिस कर्मचारियों ने उसे रोक लिया। उसके बाद वह पंजाब रोडवेज की बस के आगे आकर लेटने का प्रयास किया। महिला ने कहा कि वह बस के नीचे आकर जान दे देगी। इस पर सूचना मिलते ही डीएसपी रामभज मौके पर पहुंचे और सपना से बातचीत की। इस पर सपना ने बताया कि उसने रोडवेज विभाग में भर्ती के लिए चालक व परिचालक पद के लिए आवेदन किया हुआ है। परिवहन मंत्री कृष्ण पंवार ने उसे फोन करके भर्ती का आश्वासन दिया था। इसके बाद वह भर्ती के लिए बस स्टैंड पर पहुंची। सपना ने आरोप लगाया कि अधिकारियों द्वारा अपने चहेतों को भर्ती किया जा रहा है। इसके बाद पुलिस सपना को अपने साथ ले गई। बाद में युवती को समझा बुझाकर छोड़ दिया गया।
जाली लाइसेंस वाले भी लगे नौकरी
सपना ने कहा कि अधिकारी अपनी मर्जी से जाली लाइसेंस वाले उम्मीदवारों को भी नौकरी पर रख रहे हैं, जबकि उसके पास दो साल पुराना चालक व परिचालक का लाइसेंस है। सपना का कहना है कि उसने रोडवेज से ही प्रशिक्षण लिया है, इसके बावजूद उसे मौका नहीं दिया जा रहा।
नियमानुसार जरूर मौका दिया जाएगा
रोडवेज कर्मचारियों की भर्ती प्रदेश सरकार अनुसार ठेेकेदार प्रथा के तहत की गई है। अभी प्रदेश सरकार के द्वारा सरकारी भर्ती के लिए कोई आदेश नहीं है। अगर सरकार लड़कियों के लिए भर्ती निकालेगी तो युवती को जरूर मौका दिया जाएगा।
प्रदीप कुमार, महाप्रबंधक, जींद डिपो।