बहादुरगढ़। साइकिल चलाना सिर्फ शारीरिक ही नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए काफी फायदेमंद है। ये बेहतर व्यायाम है। हृदय, रक्त वाहिकाओं और फेफड़ों को स्वस्थ रखने में मदद करती है। रोजाना आधा घंटा साइकिल चलाने से पेट की चर्बी कम होती है। शरीर की मांसपेशियां मजबूत बनती हैं। तनाव के स्तर को भी कम करती है।
लोगों को साइकिल चलाने के प्रति जागरूक करने के लिए हर साल 3 जून को विश्व साइकिल दिवस मनाया जाता है। शरीर को स्वस्थ रखने के लिए लोग लगातार साइकिलिंग करते हैं। कोरोना काल से पहले जहां बहादुरगढ़ शहर में 6-7 दुकानें होती थी। वहीं अब इनकी संख्या 25 हो गई हैं। युवाओं में जहां गियर वाली साइकिल की मांग ज्यादा है। वहीं बाजार में बैटरी वाली साइकिल भी बाजार में आई हुई हैं।
नागरिक अस्पताल के एसएमओ डॉ. विनय देशवाल ने बताया कि साइकिलिंग करके अतिरिक्त कैलोरी बहुत ही आसानी से बर्न किया जा सकता है। साइकिलिंग एक प्रकार से मेडिटेशन है। फेफड़ों, हृदय, दिमाग, मांसपेशियों और पाचन तंत्र दुरुस्त रहते हैं और इम्यूनिटी बढ़ती है। उन्होंने कहा कि रोजाना सूर्योदय से पहले अगर साइकिलिंग करते हैं तो दिमाग में हैप्पी हारमोंस का स्तर बढ़ता है।
शहर में बढ़ी साइकिल की बिक्री
लोगों के साइकिल के प्रति क्रेज के चलते इसकी बिक्री में इजाफा हुआ है। कोविड के बाद सालाना कारोबार बढ़कर 5 से 8 करोड़ तक पहुंच गया है। बहादुरगढ़ में साइकिल की मुख्य दुकानों की संख्या 18 है। छोटी-बड़ी दुकानों की संख्या देखें तो यह 25 के आसपास है। रेलवे रोड के दुकानदार दीपक बंसल ने बताया कि कोविड के बाद साइकिल की सेल में तेजी से इजाफा हुआ। 2017 से पहले रोजाना साइकिल की बिक्री का जो आंकड़ा 50 था। अब बढ़कर 120 के नजदीक पहुंच गया है। सभी दुकानों पर साइकिल की खूब बिक्री हो रही हैं।