बहादुरगढ़। बदलते मौसम ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। बच्चे लगातार बुखार, खांसी और वायरल की चपेट में आ रहे हैं। हालांकि डॉक्टर लगातार अभिभावकों को इस मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। इस मौसम में बच्चों की विशेष देखभाल की जरूरत है, क्योंकि कभी धूप निकल रही है तो कभी ठंड बढ़ रही है।
धूप निकलने पर बच्चे ऊनी कपड़े उतार देते हैं। इसकी वजह से भी वह बीमार हो रहे हैं। न केवल सरकारी अस्पताल में बल्कि प्राइवेट क्लीनिकों पर भी भीड़ लग रही है। नागरिक अस्पताल के फिजिशियन डॉ. सुंदरम ने बताया कि कई दिनों पहले जहां तेज धूप निकल रही थी। वहीं फरवरी की शुरुआत से मौसम बदल रहा है और कभी धूप निकल रही है तो कभी घना कोहरा छा रहा है।
कभी बारिश हो रही है तो कभी हवा चल रही है। गले में दर्द, सूजन, बुखार आदि की शिकायत लेकर मरीज अस्पताल में पहुंच रहे हैं। एलर्जी वालों को सांस लेने में परेशानी हो रही है। पसली भी तेज चल रही है। उन्होंने बताया कि चार-पांच दिन से मौसम बदला है। इससे गले में संक्रमण, छाती में जकड़न, भारीपन, सिर में दर्द और बुखार की परेशानी हो रही है। ओपीडी में ऐसे मरीजों की संख्या 10 से 12 है। बच्चों को बुखार के साथ उल्टी भी हो रही है। ऐसे में वे अभिभावकों को भी जागरूक कर रहे हैं कि बच्चों को सर्दी से बचाएं।
इन बातों का रखें ध्यान
-धूप न निकले तो बच्चों को खुले, छत पर न खेलने दें।
-शादी-समारोह में आइसक्रीम, शीतलपेय न पीने दें।
-गुनगुना पानी ही पीएं, कूल्ला करने में भी उपयोग करें।
-गुनगुने पानी से गरारे करें, गले की सिकाई करें।
-सूप, गुनगुना दूध पीएं, ड्राईफू्रट खिलाएं।
-छाती में जकड़न पर सुबह-शाम भाप लें।