गांव खरमाण का लाल कीर्ति कुमार भारतीय नौसेना में सब लेफ्टिनेंट बन गया है। अपने लाल के अधिकारी बनने पर परिजन तो खुश हैं ही, ग्रामीण भी फूले नहीं समा रहे। अधिकारी बनकर लौटने पर पूरे गांव ने सब लेफ्टिनेंट कीर्ति कुमार का जोरदार अभिनंदन किया।
गांव खरमाण में जन्में 21 वर्षीय कीर्ति के पिता हरिकिशन आर्मी में सूबेदार हैं। कीर्ति के मन में भी बचपन से ही अपने पिता की तरह देश की सेवा करने का जज्बा था। उम्र बढ़ी तो देश के लिए कुछ कर गुजरने का जुनून भी बढ़ता चल गया। वर्ष 2012 में कीर्ति ने एनडीए की परीक्षा दी। दिसंबर में परिणाम आया और वह पास हो गए। जनवरी-2013 में कीर्ति ने देहरादून में हुए इंटरव्यू को भी क्लीयर कर दिया। 26 जनवरी 2013 को भारतीय वायु सैनिक सेलेक्शन बोर्ड ने कीर्ति को तीनों सेनाओं के लिए रिकमंड कर दिया इसके बाद वह 12वीं की परीक्षा देने के लिए वापस वडोदरा आ गए। 12वीं की परीक्षा पास होने के बाद इनको जून में इंडियन नेवल एकेडमी से ज्वाइनिंग लेटर मिला। केरला एकेडमी में ज्वाइन कर लिया। वहां बीटेक की और अपनी ब्रांच में सेकेंड पोजिशन हासिल की। आठ में से चार सेमेस्टर टॉप किए। 27 मई 2017 को पास आउट करने के बाद कीर्ति को सेना में सब लेफ्टिनेंट के तौर पर शामिल कर लिया गया। अब 25 जून को वह कोचिन में ट्रेनिंग के लिए जाएंगे।
कीर्ति के पिता की तरह उनके दादा सूबेदार स्व. उमेद शर्मा भी आर्मी में थे। कीर्ति की सफलता पर उसका परिवार, परिचित व पूरा गांव बेहद खुश हैं। अधिकारी बनकर जब गांव का लाल वापस लौटा तो ग्रामीणों ने बेहद जोरशोर से उसका स्वागत किया। ढोल-नगाड़ों के साथ खुली जीप में बैठाकर उसे गांव तक लाया गया। यहां फूल और नोटों की मालाओं से उसका अभिनंदन किया। बारहे के प्रधान उमेद देशवाल, गांव के सरपंच संजय सांगवान, आजाद शास्त्री, शिव पाराशर कवि, बलजीत नंबरदार, रामकुमार, दादा पृथी, रामदत्त शर्मा समेत पूरे गांव ने कीर्ति का सम्मान किया। बुजुर्गों ने गांव के इस लाल को देश की सेवा करने का आशीर्वाद दिया। भव्य स्वागत के लिए कीर्ति के परिजनों ने गांव के लोगों का धन्यवाद जताया है।