झज्जर। शहर के मुख्य मार्गों की सफाई के लिए नगर परिषद ने छह माह पहले मुख्यालय के पास मंजूरी के लिए फाइल भेजी थी लेकिन अब तक मंजूर नहीं हो सकी। इसके चलते अब नगर परिषद ने चार माह के लिए खुद ही नया टेंडर लगा दिया है ताकि मुख्य मार्गों की सफाई का काम सुचारु रूप से हो सके।
नगर परिषद की तरफ से शहर के मुख्य मार्गों की सफाई, कूड़ा लिफ्टिंग का काम एजेंसी से करवाया जाता है। पिछले साल 2025 में ही यह टेंडर खत्म हो गया था। इसके बाद नगर परिषद ने सरकार की नई पॉलिसी के तहत सात साल के लिए एस्टीमेट बनाकर फाइल मुख्यालय को भेजी थी।
लगभग सात करोड़ रुपये का टेंडर पांच साल के लिए दिया जाना है। इस फाइल को भेजे हुए लगभग छह माह का समय हो चुका है लेकिन अब तक सरकार व मुख्यालय की तरफ से फाइल को मंजूरी नहीं मिल सकी है। इस कारण शहर के मुख्य मार्गों की सफाई का काम सही नहीं हो पा रहा था।
रोल पर लगे कर्मियों से करवाई जा रही थी सफाई
शहर के मुख्य मार्गों की सफाई का काम फिलहाल रोल पर लगे कर्मचारियों से करवाई जा रही है। हालांकि रोल पर लगे कर्मचारियों से पहले केवल काॅलोनियों की गलियों की सफाई पर लगाया गया था। लेकिन जब से मुख्य मार्गों की सफाई का टेंडर खत्म हुआ है तब से रोल कर्मचारी ही समय निकालकर मुख्य मार्गों की सफाई का काम भी कर रहे हैं।
शहर के मुख्य मार्गों पर लगे कूड़े के ढेर
शहर में फिलहाल व्यवस्था बिगड़ी हुई है। घर-घर कूड़ा उठान से लेकर मुख्य मार्गों की सफाई समय पर नहीं हो रही है। घर-घर कूड़ा उठान का वर्क ऑर्डर फर्म को जारी हो चुका है लेकिन अब तक नई फर्म ने काम नहीं संभाला है। शहर के मुख्य मार्गों पर भी जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं। इस कारण लोगों को आवागमन में परेशानी होती है क्योंकि वहां पर पूरा दिन दुर्गंध उठती रहती है।
शहर के मुख्य मार्गों की सफाई के लिए फिलहाल चार माह के लिए नया टेंडर किया गया है। मुख्य मार्ग की अनुमति मुख्यालय से अभी तक नहीं मिली है।
- जिले सिंह सैनी, चेयरमैन, नगर परिषद