झज्जर। दुराचार के आरोपी की चचेरी बहन की शादी में शामिल होने के लिए दस दिन की जमानत याचिका को एडिशनल सेशन जज राजकुमार यादव की विशेष अदालत ने खारिज कर दिया है। वहीं दूसरे पक्ष ने दलील दी कि आरोपी पर गंभीर आरोप हैं।
अदालत में चल रहे अभियोग के अनुसार सोनीपत के मुरथल स्थित पिपली खेड़ा हाल लाधोट रोड अर्बन एस्टेट निवासी सागर ने अदालत में जमानत के लिए आवेदन किया था। इसमें कहा कि उसकी चचेरी बहन (बुआ की बेटी) की शादी पांच फरवरी को है। आरोपी के पिता अब नहीं रहे।
उसके परिवार में केवल तीन सदस्य हैं। इसमें उसकी मां, छोटा भाई और खुद है। छोटे भाई का हाल ही में ऑपरेशन हुआ है। भात भराई, कन्यादान, विदाई जैसी रस्मों को पूरा करने के लिए मामा की उपस्थिति पवित्र मानी जाती है। लड़की के मामा अब नहीं रहे, इसलिए भात आदि की रस्में सागर को करनी हैं।
वहीं अभियोजन पक्ष द्वारा दायर जवाब में कहा गया कि आरोपी के परिवार में अन्य सदस्य विभिन्न रस्मों को पूरा करने के लिए उपलब्ध हैं। आरोपी को यदि अंतरिम जमानत पर रिहा किया जाता है तो उसके फरार होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है।