13jjrp21- मातनहेल निवासी नंबरदार एसोसिएशन के प्रधान विजयपाल नंबरदार अपनी पर्ची दिखाते हुए। स्र
साल्हावास। क्षेत्र के गांव मातनहेल नागरिक अस्पताल में ओपीडी में स्वास्थ्य जांच करने वाले के बाद दवाई लिखने वाले चिकित्सक का फार्मासिस्ट पर कोई प्रभाव दिखाई नहीं दे रहा।यह घटना सोमवार एक बार फिर से घटित हुई। मातनहेल निवासी नंबरदार एसोसिएशन के प्रधान विजयपाल नंबरदार ने बताया कि वह शुगर बीमारी से पीड़ित हैं। जनवरी 2025 से वह नागरिक अस्पताल मातनहेल में शुगर की दवाई ले रहे हैं। उन्हें नौ माह से लगातार पूरे महीने की दवा मिल रही थी।
सोमवार को ओपीडी में लगभग 12:30 बजे पहुंचे। वहां चिकित्सक ने जांच के बाद एक महीने की दवा लिख दी। जब वह काउंटर पर फार्मासिस्ट से दवा लेने के लिए गए तो फार्मासिस्ट ने एक माह के बजाय पांच दिन की ही दवा दी।
इस पर वह ओपीडी में चिकित्सक के पास गए और इसकी जानकारी दी। इस पर चिकित्सक ने पर्ची पर लिखी एक माह की दवा को काटकर 15 दिन की लिख दी। फिर मरीज विजयपाल नंबरदार फार्मासिस्ट के पास काउंटर पर पहुंचे तो फार्मासिस्ट फिर से पांच दिन से अधिक दवाई देने से मना कर दिया। इसके बाद विजयपाल एसएमओ एसएमओ मिले, उन्होंने भी पांच दिन से ज्यादा दवा देने से मना कर दिया।
वर्जन
मरीजों की संख्या ज्यादा होती है। सभी को दवाई चाहिए। दूरदराज से आने वाले मरीजों को भी दवाई चाहिए जबकि मरीज विजयपाल नंबरदार तो मातनहेल के हैं। वह पांच दिन बाद फिर से दवा प्राप्त कर सकते हैं।
-दिनेश, एसएमओ, नागरिक अस्पताल मातनहेल।