बहादुरगढ़। दो दिन पहले शहर के नागरिक अस्पताल में एक 13 वर्षीय दुष्कर्म पीड़िता ने एक कन्या को जन्म दिया था। इसके बाद यहां से चिकित्सकों ने जच्चा-बच्चा दोनों को पीजीआईएमएस रोहतक रेफर कर दिया था। अब सवाल बना हुआ है कि नवजात बच्ची अपनी मां या परिवार के पास रहेगी या उसकी देखभाल बाल कल्याण समिति द्वारा की जाएगी।
मां-बेटी दोनों पीजीआईएमएस रोहतक में भर्ती हैं और 10-12 दिनों तक वहीं रहेंगी। चिकित्सकों ने बताया कि जन्म के समय नवजात का वजन 800 ग्राम था। फिलहाल दोनों की हालत ठीक है। वहीं इस मामले पर कोई भी पुलिस अधिकारी बोलने को तैयार नहीं है। गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश मूल का एक परिवार बहादुरगढ़ शहर से सटे एक गांव में रहता है। मेहनत-मजदूरी करने वाले इस परिवार की करीब 13 वर्षीय बेटी को बुधवार को पीड़ा हुई थी तो उसे बहादुरगढ़ के नागरिक अस्पताल में लाया गया। यहां कम उम्र की लड़की को गर्भवती देखकर डॉक्टर भी हैरत में पड़ गए। लड़की ने यहां एक कन्या को जन्म दिया। सूचना पाकर पुलिस अस्पताल पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। बताया जा रहा है कि लड़की ने पुलिस को एक लड़के के बारे में जिक्र किया है, लेकिन अभी उसका पता नहीं चला है। पुलिस जांच कर रही है। शुरुआत में लड़की ने पुलिस को कोई अहम जानकारी नहीं दी थी, अब लड़की की ओर से पुलिस को उक्त लड़के के बारे में बताया गया है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। युवक को पकड़ने और पहचान करने के लिए पुलिस की टीमें काम कर रही हैं।