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बस स्टैंड से सवारी भर रही निजी बस को बनाया बंधक

Tue, 26 Jan 2016 01:43 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला झज्जर
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बस का परमिट तो हिसार के मुंढ़ाल का, लेकिन यह प्राइवेट बस सोमवार को रोहतक-झज्जर के बीच सवारी ढोने लगी। अभी एक ही फेरा पड़ा था कि बस स्टैंड पर हलचल शुरू हो गई।
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दूसरे फेरे में बस स्टैंड में सवारी उठाने के लिए घुसी तो रोडवेज कर्मचारी यूनियन ने बस को पकड़ लिया। हंगामा हुआ, यूनियन पुलिस को बुलाने पर अड़ी तो चालक बस को छोड़कर चुपचाप खिसक गया। पकड़ी गई दूसरे रूट की निजी बस का आरटीए ने सोमवार देर सायं चालान काट दिया। साथ ही बस को इंपाउंड कर दिया गया है।

कर्मचारी नेताओं का आरोप है कि बस अधिकारियों से सेटिंग करके चलाई गई, दूसरी तरफ अधिकारी मामले से पल्ला झाड़ रहे हैं, तो बस मालिक मोटर व्हीकल एक्ट का पाठ पढ़ा रहा है। कुल मिलाकर सुबह से सायं तक बस स्टैंड पर बस को लेकर माहौल गर्माया रहा। बाद में बस को वर्कशॉप में खड़ा कर दिया गया।
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यह है मामला ः परमिट से चलने वाली एक प्राइवेट बस सोमवार सुबह रोहतक से सवारी लेकर झज्जर बस स्टैंड पहुंची। बस ने बाद में बस स्टैंड से सवारी भरी और रोहतक लौट गई। इस बीच बस को लेकर हलचल शुरू हो गई कि अवैध तौर से चल रही बस अंदर से सवारी भर ले गई।

रोडवेज कर्मचारी यूनियन के नेता भी लामबंद हो गए। सुबह 11 बजे बस रोहतक से दूसरे फेरे में झज्जर बस स्टैंड पहुंची तो रोडवेज वर्कर यूनियन के प्रधान शिवचरण, कर्मबीर चाहर, राजेश डावला, दिलबाग, नवीन, जसवीर आदि ने बस को पकड़ लिया।

चालक से कागजात मांगे तो वो कुछ नहीं दिखा पाया। दोनों पक्षों में जमकर बहस हुई। हंगामा शुरू हो गया तो रोडवेजकर्मियों ने पुलिस को 100 नंबर पर फोन कर दिया। वहीं चालक बस छोड़कर चुपचाप चला गया। यूनियन नेताओं ने मामले की सूचना रोडवेज जीएम को दी और बस को बंधक बनाकर रोडवेज वर्कशॉप में खड़ा कर दिया गया। रोडवेजकर्मी नेताओं द्वारा पकड़ी गई बस के मालिक एवं प्राइवेट बस यूनियन प्रधान जगदीप ग्रेवाल ने कहा कि उनके पास रोहतक-झज्जर रूट का परमिट है।

इस रूट की बस में दिक्कत होने के कारण यात्रियों की सुविधा के लिए हिसार-मुंढ़ाल रूट वाली बस को दूसरी बस के परमिट पर रोहतक-झज्जर के लिए चलाया गया। मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 103 में प्रावधान है कि परमिट पर कोई सी बस चलाई जा सकती है। न तो जीएम को बस का चालान करने की पावर है और न ही यूनियन नेताओं को बंधक बनाने की। वे इसको लेकर कार्रवाई करेंगे।

बस स्टैंड पर सवारी उठा रही प्राइवेट बस को रोडवेज कर्मी यूनियन नेताओं ने बंधक बना लिया, लेकिन बस का चालान काटने या इंपाउंड करने की बात आई तो संबंधित अधिकारी कार्रवाई से बचते दिखे, लेकिन देर शाम बस का चालान कर उसे इंपाउंड कर दिया गया। रोडवेज के बस स्टैंड इंचार्ज वेदप्रकाश से बात हुई तो वो बोले कि आधे घंटे से बाहर गए हैं, उनको नहीं पता।

बोले जीएम, मामला उनके अंडर में नहीं ः प्राइवेट बस को बस स्टैंड के अंदर से पकड़ा गया, जहां जीएम रोडवेज सब कुछ है। बात कार्रवाई की आई तो जीएम महताब सिंह खर्ब बोले मामला उनके अंडर नहीं है। मामले में आरटीए ही कार्रवाई करेगा।

आरटीए ने पहले नकारा, फिर बोले चुनावी ड्यूटी में हूं ः मामले में आरटीए प्रदीप कौशिक से बात की गई तो पहले तो वे इस प्रकार के मामले की सूचना से ही मुकर गए। उनको बताया गया कि जीएम ने बोला है कि आपको सूचना दी है, फिर संभले और बोले आएटीए ने कहा कि सूचना आई थी। वे चुनाव ड्यूटी पर हैं, बस के कागजात आदि चेक करने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
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