झज्जर/बेरी। कैडर संबंधी लंबित मांगों को लेकर नर्सिंग कर्मचारियों ने वीरवार को सुबह 9 से 11 बजे तक हड़ताल रखी। इस दौरान नर्सिंग कर्मचारियों ने मांगों को लेकर नारेबाजी की और धरना दिया। नियमित स्टॉफ के हड़ताल पर रहने के कारण एनएचएम के तहत लगी नर्सिंग स्टॉफ को ड्यूटी पर लगाया गया था। सुबह 11 बजे के बाद नर्सिंग स्टाॅफ काम पर लौट आया। सिविल अस्पताल झज्जर में जिला प्रधान अंजू के नेतृत्व में नर्सिंग स्टॉफ ने मांगों को लेकर प्रदर्शन कर नारेबाजी की। इस अवसर पर भावना, प्रतिभा, सपना, कविता, ज्योति, मंजू, ममता मौजूद रहे।
वहीं बेरी नागरिक अस्पताल में अपने कैडर संबंधी लंबित मांगों को लेकर नर्सिंग कर्मचारियों ने सुबह 9 बजे 11 तक हड़ताल कर विरोध जताया। इससे पहले नर्सिंग कर्मचारियों ने दो दिन तक काले बिल्ले लगाकर प्रदर्शन किया था। बेरी अस्पताल में सीनियर नर्सिंग ऑफिसर राजेश्वरी व दयावती के नेतृत्व में दो घंटे की हड़ताल पर बैठी नर्सिंग कर्मचारियों का कहना था कि लंबित मांगों को लेकर कई बार अवगत करा चुके हैं। दरअसल सरकारी अस्पतालों में कार्यरत स्टाफ नर्सें पिछले लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर सरकार के सामने प्रदर्शन करती आ रही हैं। इसके बावजूद सरकार ने उनकी मांगों की तरफ कोई ध्यान नहीं दिया है। अब स्टाफ नर्सों ने अपनी मांगे मनवाने के लिए सरकार से सीधी लड़ाई लड़ने का मन बना लिया है। दरअसल स्टाफ नर्सें केंद्र सरकार की तर्ज पर 7200 रुपये नर्सिंग अलाउंस देने, स्टाफ नर्सों को ग्रुप सी से ग्रुप बी में लाने और डीएचएस में नर्सिंग डायरेक्टर की पोस्ट भरने की मांग कर रही हैं। लेकिन सरकार इनकी मांगों की तरफ कोई ध्यान नहीं दे रही। इस मौके पर नर्सिंग ऑफिसर गरिमा, नेहा, किरण, कमलेश, आशा, सुमन धनखड़ मौजूद रहीं।