झज्जर। शहर के सेक्टर-6 के साथ लगते रेवाड़ी रोड पर स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन का 65 फीसदी निर्माण कार्य पूरा हो गया है। इसे बनाने पर 2 करोड़ 75 लाख रुपये की लागत आएगी। इसे अत्याधुनिक तरीके से बनाने के लिए कर्मचारी लगे हुए हैं। जल्द ही इस स्मृति वन को शहरवासियों को समर्पित किया जा सकता है। इसमें लगे म्जूजिकल फव्वारे और पार्क आकर्षण का केंद्र होगा।
स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन से शहर के लोगों को बहुत ज्यादा फायदा होगा। इसके निर्माण से सबसे ज्यादा फायदा सेक्टर-6 के निवासियों को होगा। इसके साथ ही सम्राट पृथ्वीराज चौहान स्मृति वन भी बनाया जा रहा है, लेकिन युद्ध स्तर पर स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन को बनाने के लिए कार्य किया जा रहा है। शहर के रेवाड़ी रोड़ पर 12 एकड़ में स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन बनाने के लिए युद्ध स्तर पर कारीगरों द्वारा काम किया जा रहा है। स्वामी ओमानंद स्मृति वन में म्यूजिकल फव्वारा, महिला, पुरुषों के लिए अलग-अलग बड़े टॉयलेट, हाईमास्क लाइट, वाहनों के लिए पार्किंग की व्यवस्था, बारिश से बचने के लिए रेन क्यू शेल्टर बनाए गए हैं।
दिया जा रहा प्राकृतिक लुक
इस पर कम विभाग की ओर से युद्ध स्तर पर किया जा रहा है। वहीं शहर वासियों के लिए स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन किसी वरदान से कम नहीं है, क्योंकि शहर में बहुत से पार्क तो हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर कोई विशेष सुविधा इन पार्कों में नहीं हैं जबकि स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन को पूरी तरह से प्राकृतिक लुक दिया जा रहा है विभागीय अधिकारियों ने बताया कि अगले महीने दो महीने में स्मृति वन को बनाने का काम पूरा हो जाएगा।
वर्जन
स्वामी ओमानंद सरस्वती स्मृति वन को बनाने के लिए करीब 2 करोड़ 75 लाख रुपये की लागत से स्मृति वन बनाया जा रहा है। दिन-रात इस समवर्ती वन को बनाने के लिए काम किया जा रहा है। जल्द ही स्मृति वन बनकर तैयार हो जाएगा और शहर वासियों को सौंप दिया जाएगा।
पवन कुमार, अधीक्षण अभियंता, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, झज्जर