झज्जर। शहीद कर्ण सिंह का पार्थिव शरीर वीरवार दोपहर तक गांव में पहुंचेगा। बुधवार दोपहर को परिजन पार्थिव शरीर लेकर अहमदाबाद से रवाना हुए और बुधवार रात 10 बजे तक पार्थिव शरीर दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचेगा।
यहां दिल्ली स्थित नेवी मुख्यालय में औपचारिकताएं पूरा करने के बाद पार्थिव शरीर को सुबह अंतिम संस्कार के लिए रवाना किया जाएगा। पार्थिव शरीर को नजफगढ़, बादली के रास्ते झज्जर से गांव काफिले में लाया जाएगा। नेवी के जवान भी साथ होंगे। पार्थिव शरीर को सबसे पहले घर लाया जाएगा और उसके बाद अंतिम संस्कार तागे वाला तालाब पर किया जाएगा। तागे वाले तालाब पर ही बीएसएफ जवान विनोद कुमार का अंतिम संस्कार किया गया था और उनकी प्रतिमा स्थापित की गई थी। गुजरात से पार्थिव शरीर लाने के लिए शहीद कर्ण के भाई अर्जुन व उसके साथी गए हैं। खुद जिला राजस्व अधिकारी प्रमोद चहल भी अर्जुन से संपर्क बनाए हैं। जिस तागे वाले तालाब पर अंतिम संस्कार किया जाना है, वहां पर मिट्टी भरत का काम प्रशासन की तरफ से करवाया गया, लेकिन बारिश की वजह से मिट्टी दोपहर को बह गई। शाम को फिर भरत का काम कराया गया ताकि अंतिम संस्कार में दिक्कत नहीं आए।
तागे वाला तालाब के प्याऊ पर बनाई जाएगी समाधि
वीरवार को शहीद कर्ण के पैतृक गांव डावला में अंतिम संस्कार किया जाएगा। डावला गांव में राजकीय सम्मान के साथ गांव में शहीद कर्ण सिंह का अंतिम संस्कार होगा। गांव की प्याऊ के पास कर्ण सिंह के नाम की समाधि स्थल बनाने की तैयारियां भी चल रही हैं। डावला गांव के सरपंच प्रतिनिधि नितेश कुमार ने बताया कि प्याऊ के पास कर्ण सिंह के नाम की समाधि बनाई जाएगी।