जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश एचएस दहिया की कोर्ट ने बुधवार को पीट-पीटकर हत्या किए जाने के एक मामले में दोषी को उम्रकैद तथा एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। पुलिस में दर्ज मामले के अनुसार सितंबर 2012 में गांव धनिया निवासी धर्मपाल की एक व्यक्ति से मार-पिटाई में मौत हो गई थी। इस मामले में इसी गांव के रमेश को आरोपी ठहराया गया था। पुलिस में दर्ज एफआईआर के अनुसार रमेश व धर्मपाल की किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई थी। आरोप था कि इसी कहासुनी के दौरान मामला इतना बढ़ा कि रमेश ने धर्मपाल पर जमकर लात-घूसों से प्रहार किया।
इसी के चलते धर्मपाल को पेट में गहरी चोटें आई। बाद में उपचार के दौरान 27 सितंबर को धर्मपाल की मौत हो गई थी। इस मामले में रमेश के खिलाफ भादस की धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज किया गया था। इसके चलते बुधवार को झज्जर के जिला अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश एचएस दहिया की अदालत ने आरोपी रमेश को उम्रकैद व एक लाख रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई है।
पांच लोगों को सात-सात साल की सजा
एक अन्य मामले में इसी अदालत ने पांच लोगों को हत्या के प्रयास में सात-सात साल की सजा सुनाई है। मामला झज्जर जिले के सदर बहादुरगढ़ थाने का है। दर्ज मामले के अनुसार दिल्ली के उदयाभान ने रामू, अमित, जोनी पुत्रान रमेश व दिल्ली सुलतानपुरी के अजीत के साथ मिलकर एक व्यक्ति को जान से मारने का प्रयास किया था। इस मामले में उनके खिलाफ बहादुरगढ़ सदर थाना में हत्या के प्रयास का केस दर्ज किया गया था। पैरवी के दौरान आरोपी कोई युवक अदालत के सामने ऐसा कोई भी प्रमाण नहीं दे पाए जिस पर उनके खिलाफ मामला झूठा साबित होता हो। अदालत ने इन सभी आरोपियों को सात-सात की सजा व 25-25 हजार रुपये जुर्माना भरने की सजा सुनाई है।