एसडीएम मनीषा शर्मा व डीएसपी धीरज कुमार के नेतृत्व में बीडीपीओ रामफल सिंह, तहसीलदार मातूराम, ड्यूटी मजिस्ट्रेट एवं कार्यकारी अभियंता बिजली निगम एसकेवत्स, एसएचओ रणधीर सिंह, निरीक्षक सतीश कुमार, निरीक्षक विष्णु प्रसाद सहित पुलिस पार्टी ने शनिवार की सुबह बहादुरगढ़ उपमंडल के गांवों में फ्लैग मार्च कर क्षेत्र के लोगों को उनकी जान-माल की सुरक्षा का भरोसा दिलाया।
एसडीएम शर्मा ने कहा कि फ्लैग मार्च के दौरान उन्होंने ग्रामीणों से भी बातचीत करते हुए कहा कि हम सभी को अपनी जिम्मेदारी को एकजुट होकर निभाना होगा और सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखना होगा। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार की गलत बातों का प्रचार और प्रसार न करें और न ही लोग अफवाहों पर ध्यान दें। उन्होंने गांव रोहद, खरहर, छारा, मातन, मांडौठी, डाबौदा, बुपनियां, बादली, गुभाना, माजरी, नया गांव आदि में पैदल मार्च करते हुए ग्रामीणों से भाईचारा बनाए रखने की अपील की।
कंट्रोल रूम स्थापित
प्रस्तावित जाट आरक्षण आंदोलन के मद्देनजर झज्जर जिला मुख्यालय पर प्रशासन की ओर से कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है। कोई भी आमजन आंदोलन से संबंधी सूचना अथवा प्रशासन संबंधी अन्य सहायता के लिए लघु सचिवालय में स्थापित कंट्रोल रूम के दूरभाष नंबर 01251-252131 पर संपर्क कर सकता है।
रोहतक मंडल के आयुक्त चंद्र प्रकाश और रेंज महानिरीक्षक संजय कुमार ने शनिवार को जाट आरक्षण के मद्देनजर जिले की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि प्रशासन के लिए शांति और सामाजिक सौहार्द सर्वोपरि है। बेहतर कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियातन सभी संभव कदम उठाए जाए। धारा-144 की पालना दृढ़ता के साथ लागू होनी चाहिए।
उपायुक्त अनीता यादव और पुलिस अधीक्षक जशनदीप सिंह ने बैठक में संभावित जाट आरक्षण आंदोलन को लेकर प्रशासन व पुलिस द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी दी। जिले के सभी खंडों में इलाका मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं। आयुक्त ने कहा कि शांति से अपनी मांग रखने का सबको हक है। इसके लिए प्रशासन ने उपमंडल स्तर स्थान भी निर्धारित किए हैं। निर्धारित स्थानों पर पूर्वानुमति के साथ अपनी मांग रखना उचित होगा। आयुक्त ने कहा कि किसी को भी कानून अपने हाथ में नहीं लेने दिया जाएगा। उन्होंने जनहित में लागू की गई धारा-144 का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्ती से पेश आने को कहा।
आयुक्त ने कहा कि रेल मार्ग, सड़क मार्ग, राष्ट्रीय हाईवे, भीड़भाड़ वाले स्थानों, नहरों के आसपास व अन्य सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा के विशेष प्रबंध किए जाएं। इन स्थानों पर पांच या पांच से अधिक व्यक्ति इकठ्ठा न होने पाएं। उन्होंने असामाजिक तत्वों पर निरंतर निगरानी रखने को कहा। बैठक में उपायुक्त ने बताया कि प्रशासन ने गांवों में गणमान्य लोगों से भी संपर्क स्थापित किया है और युवाओं को भी सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया है। आयुक्त ने समाज के सभी प्रबुद्धजनों से भी प्रशासन का सहयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को अपनी ऊर्जा सकारात्मक दिशा में उपयोग करनी चाहिए, इससे समाज और देश का भला होगा। अशांत माहौल किसी भी तरह किसी के भी हित में नहीं है। शांति और भाईचारे से विकास की गति तेज होती है, विकास की गति तेज होने से का प्रदेश का सर्वांगीण विकास होगा और युवाओं को रोजगार के ज्यादा अवसर उपलब्ध होंगे।
जिले भर में तैनात पैरामिलिट्री फोर्स
बैठक में रेंज महानिरीक्षक संजय कुमार ने कहा कि पुलिस ने सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध जिले में किए हैं। कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पैरामिलिट्री के जवान भी तैनात है। पुलिस धारा-144 को सख्ती से लागू करने के लिए सभी संभव कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि असामाजिक तत्वों पर पुलिस पैनी नजर है। पुलिस अधीक्षक जशनदीप ने बताया कि जिला पुलिस की मदद के लिए जिले में एचपीए, सीआईएसएफ और सीआरपीएफ की कंपनियां तैनात की गईं हैं। पुलिस की चप्पे-चप्पे पर पैनी नजर है। किसी को कानून अपने हाथ में नहीं लेने दिया जाएगा। बैठक उपरांत आयुक्त चंद्र प्रकाश और आईजी संजय कुमार ने अधिकारियों के साथ जिले के कई गांवों में जाकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। दौरे के दौरान आयुक्त ने छारा, मातन, मांडौठी, रोहद सहित कई गांवों में गणमान्य लोगों से मिले और शांति और भाईचारा बनाए रखने का आह्वान किया। बैठक में अतिररिक्त उपायुक्त नरहरि बांगड़, एसडीएम सतिंद्र सिवाच नगराधीश विजय कुमार, डीएसपी हंसराज सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।