बहादुरगढ़ के ओमैक्स सिटी स्थित बीपीएल फ्लैट्स में मंगलवार को दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। एक व्यक्ति सुनील ने अपने दो मासूम बच्चों की जहर देकर हत्या करने के बाद फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मौके से बरामद सुसाइड नोट को अभी सार्वजनिक नहीं किया है।
मृतक की पत्नी के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने की प्राथमिकी दर्ज की गई है। महेंद्रगढ़ जिले के खुडान गांव निवासी सुनील (38) चार-पांच साल से यहां ओमैक्स सिटी के बीपीएल फ्लैट नंबर-309 में किराये पर रह रहे थे। सुनील ड्राइविंग के साथ-साथ प्रॉपर्टी का काम भी करते थे।
उनका बाकी परिवार लाइनपार स्थित हरि नगर में रहता है। सोमवार की रात परिजनों को पत्नी के आने की बात कहकर लाइनपार से ओमैक्स स्थित फ्लैट में बच्चों के साथ आ गए थे। उनकी पत्नी मधु कुछ दिनों से कहीं बाहर गई हुई थी।
पुलिस को दी शिकायत में सुनील के भाई प्रवीण ने बताया कि मंगलवार सुबह उन्होंने कॉल किया तो सुनील का फोन रिसीव नहीं हुआ। अनहोनी की आशंका हुई तो वह फ्लैट पर पहुंच गए। कमरा खोलकर अंदर देखा तो सिहर गए। भतीजे मोहित (6) और रोहित (10) के शव बेड पर पड़े थे और भाई सुनील फंदे पर लटका हुआ था।
यह देखकर उन्होंने परिवार को सूचित किया। लाइनपार क्षेत्र से परिजन ओमैक्स स्थित फ्लैट पर पहुंचे और फिर पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर आसपास के लोगों की भीड़ जुट गई। पड़ोसी संदीप शर्मा ने बताया कि पिछले 15 साल से परिवार यहीं रह रहा था। कोई बड़ा झगड़ा कभी नहीं दिखा। किसी को भी ऐसी घटना की आशंका नहीं थी।
पत्नी ने कहा- चरित्र पर शक करता था सुनील, जुआ खेलने के कारण होती थी अनबन
हादसे के बाद पत्नी मधु भी मौके पर पहुंची। पुलिस की पूछताछ में मधु ने बताया कि सुनील जुआ खेलने के आदी थे और इसी बात को लेकर उनके बीच अनबन चल रही थी। वह उसके चरित्र पर भी शक करता था।
सेक्टर-6 थाना के एसएचओ सत्यवीर सिंह के मुताबिक मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। मृतक के भाई प्रवीण ने शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक जांच और परिजनों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।