अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर। खेड़ी खुम्मार गांव के पास कुएं से बरामद हुए लापता इंजीनियर के शव मामले में मृतका के भाई का कहना है कि उसकी बहन हर रोज कैब मिलते ही फोन करती थी। तय समय पर घर नहीं पहुंचती थी तो उन्हें टेंशन होती थी, इसलिए वो उसे फोन कर कारण पूछते थे। शुक्रवार को भी उसने ऐसा ही किया था, लेकिन वह अनुमानित समय पर नहीं पहुंची। इसको लेकर उन्होंने दिल्ली पुलिस को सूचित किया लेकिन समय रहते दिल्ली पुलिस ने कोई ठोस प्रयास नहीं किया, जिसकी वजह से उनके साथ ऐसी घटना हुई। अपरोच रोड के कुएं में शव फेंकने के मामले में पुलिस दो थ्योरी पर कार्य कर रही है। पहली थ्योरी में आरोपी इसी एरिया का है, जिसे इस कुएं का पता था और उसने यहां लाकर घटना का अंजाम दिया। दूसरी थ्योरी यह है कि अगर आरोपी एरिया से वाफिक था तो उसे पता होता कि इस कुएं का पानी लेने महिलाएं सुबह ही पहुंच जाती हैं, ऐसे में पकड़े जाने की आशंका अधिक है। फिलहाल पुलिस आसपास के गांवों के ऐसे लोगों की तलाश कर रही है, जो कि गुरुग्राम में कैब चलाते हैं।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह का खुलासा हो पाएगा। जांच में अलग-अलग टीमें जुटी हुई हैं। दिल्ली पुलिस से भी इस मामले में संपर्क साधा जा रहा है।
वेदपाल, एसएचओ, सदर थाना झज्जर।