अमर उजाला ब्यूरो
झज्जर।
अधिवक्ता रोशन यादव के साथ पूर्व पार्षद के हुए झगड़े में शनिवार को झज्जर और बहादुरगढ़ के वकील हड़ताल पर चले गए। शनिवार को वकीलों ने बार प्रधान देवेंद्र कादियान के नेतृत्व में झज्जर बार परिसर में अपना अनशन शुरू किया। इस दौरान वकीलों ने जहां पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और वकीलों के साथ बदतमीजी करने के आरोप में पुलिस अधिकारियों का निलंबन कर, उन्हें यहां से तबदील करने की भी मांग की। हालांकि, मामले की गंभीरता को भांपकर पुलिस प्रशासन की तरफ से एक पुलिस अधिकारी के मार्फत सुलह का संदेश भेजा गया था। लेकिन वकीलों के द्वारा दोनों पुलिस अधिकारियों पर कार्रवाई होने तक दरकिनार कर दिया गया। बाद में बार की तरफ से यह भी बताया गया कि उक्त मामले में झज्जर बार के वकीलों की यह एक तरह से सांकेतिक हड़ताल थी। लेकिन यदि सोमवार तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती है तो फिर सोमवार से पूरे हरियाणा भर के वकील पुलिस प्रशासन के खिलाफ हड़ताल पर चले जाएंगे। इतना ही नहीं वकीलों ने इसी मसले पर सोमवार से झज्जर लघु सचिवालय के बाहर तंबू गाढ़कर अपना अनशन किए जाने की बात कही है।
ये है मामला
पूर्व पार्षद संतराम गुर्जर और अधिवक्ता रोशनलाल यादव के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया था। जिसके चलते जांच के लिए डीएसपी राजीव ने दोनों पक्षों को अपने कार्यालय में बुलाया था। वकीलों का आरोप है कि डीएसपी ने अपने कार्यालय में बुलाकर उनके साथ बदतमीजी की है। इसलिए डीएसपी और एसएचओ का निलंबन होना चाहिए।
लोक अदालत की कार्रवाई रही प्रभावित
झज्जर बार एसोसिएशन द्वारा शनिवार को की गई हड़ताल के कारण अदालत का काम-काज ठप रहा। साथ ही लोक अदालत की कार्रवाई पर भी वकीलों की हड़ताल का असर पड़ा। शनिवार को लोक अदालत की कार्रवाई के लिए पूरी तैयारी की गई थी। जिसमें सैकड़ों मामलों को सुनवाई के लिए रखा गया था। लेकिन जिन मामलों में दोनों पक्ष स्वयं लोक अदालत में पेश हुए। वे मामले तो निपट गए। लेकिन जिन मामलों में वकील की मार्फत कार्रवाई होनी थी, उनका निपटारा नहीं हो पाया।
- डीएसपी और एसएचओ के निलंबन को लेकर जमकर की नारेबाजी
- सोमवार को प्रदेशभर के सभी वकील रहेंगे हड़ताल पर