बिजली निगम के 23 सब डिवीजनों को प्राइवेट करने को लेकर चली आ रही क्रमिक भूख हड़ताल 13वें दिन में प्रवेश कर गई। बृहस्पतिवार को भी निगम के चार कर्मचारियों ने कार्यालय के मुख्य गेट के बाहर धरने व हड़ताल पर बैठकर रोष जताया। इसमें ज्वाइंट एक्शन कमेटी के पदाधिकारियों व उससे जुड़े सदस्यों ने बढ़चढ़ कर भाग लेते हुए सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की।
भूख हड़ताल पर बैठने वालों में निगमकर्मी कुलदीप, अनुज, मोहित व अनिल शामिल रहे। यूनिट प्रधान बिजेंद्र फौगाट ने बताया कि एचएसइबी वर्कर्स यूनियन व एएचपीसी वर्कर्स यूनियन की संयुक्त कार्रवाई के नेतृत्व में यह धरना क्रमिक भूख हड़ताल जारी है। उन्होंने बताया कि सर्कल सचिव जयकंवार छिक्कारा व बंसीलाल की अध्यक्षता में यह धरना प्रदर्शन चल रहा है। 11 मई को निगम से जुड़े सभी कच्चे व पक्के कर्मचारी एक दिन के सामूहिक अवकाश पर रहेंगे। फौगाट के अनुसार सरकार निगम का निजीकरण कर उसे बर्बाद करने पर तुली हुई है। निजीकरण के चलते कर्मचारियों में सरकार के प्रति रोष बना हुआ है।
वे किसी भी सूरत में निजीकरण नहीं होने देंगे। उन्होंने बताया कि 12 मई को जींद में ज्वाइंट एक्शन कमेटी के पदाधिकारियों की बैठक होगी और उसमें क्या फैसला लिया जाता है उसके बाद ही आगे की पूरी रूपरेखा व रणनीति तय होगी। धरना-प्रदर्शन के दौरान ज्वाइंट एक्शन कमेटी से जुड़े अनेक कर्मचारी मौजूद रहे।