झज्जर। गेहूं व सरसों की बिजाई के लिए कृषि विभाग ने करीब 18 हजार मीट्रिक टन की डीएपी की डिमांड मुख्यालय को भेजी गई थी, लेकिन अभी तक केवल 8 हजार मीट्रिक टन डीएपी ही जनपद को मिला है। शुक्रवार रेलवे स्टेशन पर लगे रैक से जिले के किसानों को करीब 810 मीट्रिक टन डीएपी खाद की सप्लाई मिली हैं।
जिले में गेहूं की बिजाई का काम तेजी से चल रहा है। किसानों को डीएपी खाद की काफी आवश्यकता हो रही है लेकिन सरकारी केंद्रों पर इसकी कमी बनी है। पिछले दिनों पछेती सरसों की बिजाई करने वाले किसानों को डीएपी खाद की कमी खली थी। रैक से मिले डीएपी खाद को सरकारी व प्राइवेट दुकानों पर पहुंचाया जा रहा हैं। जिले में करीब 200 निजी दुकानें हैं, लेकिन मात्र 150 ही संचालित है।सरकारी खाद की दुकानें 50 के करीब है। इनमें हैफेड, इफको, को-ओपरेटिव सोसाइटी, भूमि सुधार निगम व अन्य है। इनमें डीएपी खाद उपलब्ध हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि किसानों को जरूरत के अनुसार खाद दिए जाने के निर्देश दिए गए है ताकि सभी किसानों को डीएपी व अन्य खाद मिल सके।कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि किसानों के लिए डीएपी खाद की कमी नहीं आने दी जाएगी। पिछले दिनों रेवाडी के खोली, रोहतक, भिवानी में लगे रैक से जिले को सैकड़ों एमटी डीएपी व यूरिया खाद की सप्लाई हो चुकी हैं।
वर्जन:
किसानों के लिए डीएपी, यूरिया खाद की कोई कमी नहीं है। झज्जर रेलवे स्टेशन पर लगे रैक से करीब 810 एमटी खाद पहुंचा हैं। किसानों के लिए पर्याप्त खाद है। करीब 250 एमटी डीएपी स्टॉक में रखा हुआ हैं।
डॉ. जसबीर सिंह, गुण नियंत्रक अधिकारी, कृषि एवं कल्याण विभाग, झज्जर