बहादुरगढ़। अनाज मंडी में खुले में पड़ा हजारों क्विंटल गेहूं राम भरोसे है। गेहूूं ढकने के लिए मंडी में कोई व्यवस्था नहीं है। मौसम भी लगातार बदल रहा है। अगर इस समय बारिश हो जाए तो खेतों से बचाकर मंडी में लाए गए गेहूं की हालत क्या होगी। इसका अंदाजा आसानी से लगाया जा सकता है। गेहूं ढकने की व्यवस्था न तो खरीद एजेंसियों द्वारा की गई है और न ही आढ़तियों द्वारा। ऐसे में हजारों क्विंटल गेहूं खराब हो सकता है।
बहादुरगढ़ की अनाज मंडी में दो एजेंसियों हरियाणा वेयर हाउस और खाद्य आपूर्ति विभाग की ओर से गेहूं की खरीद की जा रही है। मंगलवार की सुबह तेज आंधी भी चली और उसके बाद बूंदाबांदी भी हुई है। मौसम विभाग की ओर से भी 17 अप्रैल को बारिश की संभावना जताई गई है। यदि इस समय तेज बारिश होती है तो खेतों से बचाकर मंडी में लाया गया गेहूं बारिश की भेंट चढ़ सकता है। हरियाणा वेयर हाउस की ओर से आसौदा की अनाज मंडी में लगभग 15 हजार क्विंटल और बहादुरगढ़ की अनाज मंडी में करीब 7 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद की गई है। वहीं खाद्य आपूर्ति विभाग की ओर से 2200 क्विंटल सरसों की खरीद हुई है। बहादुरगढ़ और आसौदा की अनाज मंडी में वेयर हाउस की ओर से करीब 3 हजार क्विंटल गेहूं का उठान किया गया है। करीब 19 हजार क्विंटल गेहूं खुले में पड़ा है। ऐसे में यदि बारिश होती है तो गेहूं के खराब होने की आशंका कहीं अधिक है।
मौसम विभाग ने जताई 17 अपै्रल को तेज बारिश की संभावना
मौसम विभाग की ओर से 17 अप्रैल को बारिश की चेतावनी दी गई है। मंगलवार की सुबह आंधी और बूंदाबांदी हुई। वहीं दोपहर के समय मौसम किसानों पर मेहरबान रहा, लेकिन शाम के समय एक बार फिर मौसम ने करवट ली और बूंदाबांदी शुरू हुई। इससे खुले में रखी गेहूं की हजारों बोरियां ऊपर से कुछ गीली हो गई और गेहूं में नमी आ गई। उधर अधिकारियों का तर्क है कि खुले में रखे गेहूं को तिरपाल से ढकवाया जा रहा है, लेकिन हकीकत कुछ और ही है। शाम के समय करीब 7 बजे तक भी गेहूं की बोरियों को नहीं ढकवाया गया था।
अधिकारी बोले, गेहूं को ढक दिया गया
वेयर हाउस की इंचार्ज रीमा ने बताया कि वेयर हाउस की ओर से 22 हजार क्विंटल गेहूं की खरीद की गई है और तीन हजार क्विंटल गेहूं का उठान किया गया है। 19 हजार क्विंटल गेहूं को ढकवाया गया है। वहीं खाद्य आपूर्ति विभाग की इंस्पेक्टर सपना ने बताया कि अनाज मंडी में मंगलवार को 2200 क्विंटल सरसों और करीब 700 क्विंटल गेहूं की खरीदारी की गई। जहां तक उठान का सवाल है तो सरसों का उठान किया गया है। गेहूं को 1400 कट्टों में भरवा दिया गया है। जल्द ही उसका भी उठान किया जाएगा। फिलहाल कट्टों को आढ़तियों के पास रखवाकर उसे ढकवाया गया है।