चरखी दादरी। जिले की नहरों में पानी पहुंचने पर जलघरों में पानी डाले जाने का काम शुरू हो गया है। जिले की नहरों में 700 क्यूसेक पानी पहुंचा है। पानी की मात्रा कुछ बढने की भी उम्मीद है।
नहरों में पानी पहुंचने के बाद सिंचाई विभाग अधिकारियों ने भी अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। सिंचाई विभाग अधिकारी गर्मी के मौसम को देखते हुए जलघरों में पानी पहुंचाने पर प्राथमिकता से काम में जुटे हैं ताकि पेयजल की किल्लत न बढने पाए। जिले में 58 जलघर हैं। इन जलघरों में इस समय पानी डाले की जरूरत बनी हुई है। मानसून की बारिश न होने तक आमतौर पर पानी का संकट बना रहता है। गर्मी में जोहड़ भी सूख जाते हैं इससे मवेशियों के लिए पानी का संकट भी गहरा जाता है। शहर के चंपापुरी स्थित मेन जलघर में लोहारू नहर से पानी डाला जाता है जबकि दूसरे जलघर में बधवाना डिस्टीब्यूटरी के जरिए पानी डाला जाता है। इस समय लोहारू और बधवाना दोनो ही नहरों में पानी चल रहा है। बधवाना नहर की पूरी तरह से सफाई एवं जीर्णोद्धार नहीं होने से पानी की मात्रा कम बनी हुई है। इस नहर का पिछले दिनो जीर्णोद्धार का काम शुरू किया गया था लेकिन यह अब अधर में ही लटका हुआ है। इस नहर की पानी की क्षमता 170 क्यूसेक तक है लेकिन पानी कम छोडने की वजह से शहर के रामनगर जलघर में पर्याप्त मात्रा में पानी नहीं पहुंच पाता। सिंचाई विभाग के एसडीओ राहुल छिल्लर का कहना है कि जलघरों में प्राथमिकता के आधार पर पानी डाला जाएगा।