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हाईटेंशन की टेंशन से मिलेगी निजात, फरवरी के अंत में शुरू होगा काम

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चरखी दादरी। हाईटेंशन तारों की टेंशन से लोगों को अब जल्द ही छुटकारा मिल जाएगा। बिजली निगम के हेड ऑफिस से इस संबंध में दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। इनके मुताबिक करीब चार करोड़ के प्रोजेक्ट पर फरवरी माह के अंत तक काम शुरू हो जाएगा। इसकी मॉनिटरिंग लोकल डिवीजन लेवल की बजाय सीधा हेड ऑफिस से होगी। निगम अधिकारियों की मानें जून माह तक यह प्रोजेक्ट पूरा होने की उम्मीद है और इसके बाद शहर के अलावा गांवों के लोगों की भी इस समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा। पिछले करीब तीन सालों से घरों या सार्वजनिक बिल्डिंगों के ऊपर से गुजरने वाली हाईटेंशन तारों की हटाकर दूसरी जगह लगाने की मांग लोग लगातार उठा रहे हैं जो कि अब परवान चढ़ती नजर आ रही है।
शहर व गांवों में स्कूल, मंदिर, तालाब, धर्मशाला व आवासीय बस्ती से हाई वोल्टेज की तारेें हटवाने का काम बिजली निगम का हेड ऑफिस खुद करवाएगा। इसके लिए सभी से एस्टिमेट मांग लिए गए हैं। निगम के अधिकारियों ने तारों की शिफ्टिंग के लिए करीब चार करोड़ रुपये का एस्टिमेट तैयार किया थे और इस राशि को खर्च करने की स्वीकृति भी मिल चुकी है। पिछले लंबे समय से आवासी बस्तियों में हाई वोल्टेज की तारों से लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इन तारों से हादसों का अंदेशा बना रहता है। कई बार बड़े हादसे भी हो जाते हैं। इसी प्रकार स्कूलों के भवन के ऊपर से भी यह तारें गुजर रहे हैं जिससे बिजली करंट का खतरा बना रहता है। गांवों में तालाबों के ऊपर से भी तारें गुजरने पर विकट समस्या बनी हुई है। मंदिर, धर्मशाला आदि सार्वजनिक स्थानों से गुजरने वाले तारें इस समय लोगों के लिए बेहद परेशानी का कारण बन रहे हैं। शहर के विभिन्न भागों में हाई वोल्टेज की तार सैकड़ों मकानों के ऊपर से गुजर रहे हैं। लोहारू रोड के दाहिनी ओर बस्ती के ऊपर से हाई वोल्टेज की लाइन है।
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- शहर की प्रेमनगर कालोनी, एमसी कालोनी, प्रोफेसर कालोनी, ढाणी रोड एरिया, दिल्ली रोड एरिया, गांधी नगर एरिया सहित तकरीबन सभी गांवों में हाई वोल्टेज की तारों से समस्या बनी हुई है। लटकते तारें ज्यादा परेशानी का कारण बन रहे हैं। प्रेमनगर कालोनी में तो एक लाख वोल्टेज की तार मकानों के ऊपर से गुजर रहे हैं। जिस समय यह मेन लाइन डाली गई थी उस समय यह एरिया आबाद नहीं हुआ था। बाद मेंबस्ती बढ़ गई है। खेतों की जमीन खरीदकर लोगों ने मकान बना लिए। अब बिजली निगम इस समस्या का स्थायी समाधान करेगा। इसके लिए जिले के सभी भागों के एस्टिमेट तैयार कर हेड आफिस भेज दिए है। इस प्रोजेक्ट पर चार करोड़ का बजट खर्च होना है। इसके लिए कागज प्रक्रिया तेजी से जारी है।
बाक्स: बिजली करंट ने इन लोगों को दिया जोरदार झटका
केस-एक: -करंट लगने से बच्ची का कटा था हाथ, पैर भी झुलसे
करीब पांच साल पहले चंपापुरी की आठ नंबर गली निवासी निशा को सात वर्ष की उम्र में हाईटेंशन तार से करंट लगा था। उस समय बारिश का मौसम था और वह छत पर खेल रही थी। करंट की चपेट में आई निशा का एक हाथ काटना पड़ा था जबकि उसके पैर भी झुलस गए थे।
केस-दो:- दिल्ली पुलिस के जवान व बहन को लगा था करंट
चंपापुरी निवासी राममेहर ने बताया कि उसका बेटा राजेश दिल्ली पुलिस में कार्यरत है। करीब पांच साल पहले उसका बेटा व बेटी छत पर थे कि इसी दौरान राजेश को करंट लग गया। जब उसकी बहन ने उसे धक्का दिया तो वह भी करंट की चपेट में आ गई थी। लेकिन अब दोनों सकुशल हैं।
केस:- तीन:- करंट लगने के बाद सीतराम ने तोड़ा मौके पर ही दम
कुछ समय पहले चंपापुरी की गली नंबर तीन में किराना स्टोर चलाने वाले सीताराम को भी करंट लग गया था। जब वह नलका ठीक कर रहा था तो लोहे की पाइप ऊपर से गुजर रहे बिजली तारों को छू गया। इससे करंट का झटका इतना जोरदार था कि सीताराम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
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== वर्सन
यह सारा काम निगम के हेड ऑफिस की निगरानी में पूरा होना है। हमने पूरी प्लान तैयार एस्टिमेट हेड ऑफिस भेज दिए हैं। स्कूल, मंदिर, तालाब व आवासी बस्तियों के ऊपर से गुजरने वाली सभी तारों को हटवाया जाना है। फरवरी माह के अंत तक इस पर काम शुरू हो जाएगा। , एक्सईएन, बिजली निगम
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