बहादुरगढ़। लंबित मांग के बाद डीएमआरसी ने सिटी पार्क मेट्रो स्टेशन का नामकरण शहीद ब्रिगेडियर होशियार सिंह के नाम पर तो कर दिया, लेकिन ब्रिगेडियर के नाम के आगे शहीद लिखना भूल गई। जी हां, इस मेट्रो स्टेशन पर जो नाम पट्टिका लगी है, उसमें ब्रिगेडियर होशियार सिंह के आगे शहीद अंकित नहीं है। इस पर गांव के लोगों ने एतराज जताया है और ब्रिगेडियर के नाम के आगे शहीद लिखने की मांग की है।
मुंडका-बहादुरगढ़ रूट पर बहादुरगढ़ में तीन मेट्रो स्टेशन हैं। अंतिम छोर पर जो स्टेशन है, इसका नाम पहले सिटी पार्क मेट्रो स्टेशन था। गांव सांखोल के लोगों व सामाजिक संगठनों द्वारा इस स्टेशन का नाम शहीद ब्रिगेडियर होशियार सिंह के नाम पर रखे जाने की मांग उठाई। इसके लिए मुहिम चली और लोगों ने धरने तक दिए। इस मांग पर सरकार व डीएमआरसी ने संज्ञान लिया और पिछले महीने बहादुरगढ़ के तीनों मेट्रो स्टेशन के नाम बदल दिए गए। सिटी पार्क वाले स्टेशन का नाम ब्रिगेडियर होशियार सिंह रख दिया गया। मेट्रो स्टेशन का नाम शहीद के नाम होने पर गांव सांखोल के लोगों में खुशी तो हुई, लेकिन खुशी अधूरी तब रह गई जब डीएमआरसी ब्रिगेडियर के नाम के आगे शहीद लिखना भूल गई। यह चूक केवल स्टेशन के बाहर लिखे नाम में ही नहीं, डीएमआरसी की साइट व अन्य जगह लगे बोर्डों में भी है। कहीं भी ब्रिगेडियर के नाम के आगे शहीद नहीं लिखा गया है। इस वजह से गांव सांखोल के लोगों में डीएमआरसी के प्रति नाराजगी बनी हुई है।
गांव सांखोल के निवासी भगवान सिंह ने कहा है कि मेट्रो स्टेशन का नामकरण शहीद ब्रिगेडियर होशियार सिंह के नाम पर कराने के लिए लंबा संघर्ष किया गया। डीएमआरसी ने स्टेशन का नाम तो बदल लिया, लेकिन जो नाम लिखा है उसके आगे शहीद लिखना भूल गई। स्टेशन का नाम बदलने के बाद जो राजनीतिक लोग श्रेय लेना चाह रहे हैं वे स्टेशन की तरफ से गौर से देखें कि किस प्रकार शहीद का अपमान हो रहा है। इस संबंध में वह सीएम को पत्र लिखेंगे और डीएमआरसी के अधिकारियों से मिलकर नाम में सुधारीकरण की मांग करेंगे।