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20 गांवों के जलघर सूखे, शहर में ट्यूबवेल मिक्स पानी की सप्लाई शुरू

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अमर उजाला ब्यूरो
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चरखी दादरी।
शहर के दोनों जलघरों में फिलहाल तीन दिन का पानी बचा ही है जबकि करीब 20 गांवों के जलघर सूखे होने से पेयजल संकट गहराया है। वाटर स्टोरेज टैंकों में पानी की कमी को देखते हुए जन स्वास्थ्य विभाग ने एक दिन छोड़कर पेयजल सप्लाई शुरू कर दी है। इतना ही नहीं अब पेयजल सप्लाई ट्यूबवेल मिक्स खारा पानी सप्लाई किया जा रहा है। बौंदकलां खंड के करीब 10 गांवों में इस समय पेयजल संकट बना हुआ है। हालांकि बौंदकलां डिस्ट्रीब्यूटरी में नहरी पानी आने के बाद इन जलघरों को भरने की कवायद शुरू हो चुकी है। सिंचाई विभाग अधिकारियों की मानें तो 19 मई को नहरी पानी आने की संभावना है और इसके बाद भी जलघरों को भरने में दो से तीन दिन का समय लगेगा।
शहर के मेन चंपापुरी जलघर में चार वाटर टैैंक हैं जिनकी क्षमता 2450 लाख लीटर है। जबकि शहर के दूसरे रामनगर जलघर में दो वाटर टैंक हैं, जिनकी क्षमता 1250 लाख लीटर है। चंपापुरी जलघर से शहर के 60 प्रतिशत एरिया में पानी की आपूर्ति होती है। अब इन टैंकों में तीन दिन का पानी बचा है। जनस्वास्थ्य विभाग अधिकारियों का तर्क है कि टैंकों में पानी खत्म होने से पहले नहरों में पानी पहुंच जाएगा। इससे पानी की किल्लत नहीं रहेगी। इस समय विभाग एक दिन छोड़कर पानी की आपूर्ति कर रहा है। कई जगह विभाग टैंकों में जो पानी बचा है, उसमें ट्यूबवेल का पानी मिलाकर सप्लाई किया जा रहा है। ताकि पानी संकट न गहराने पाए।
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इन गांवों में अधिक समस्या
जिले मेें 58 जलघर हैं। एक जलघर से साथ लगते दो से तीन गांवों में पानी की आपूर्ति की जाती है। इस समय 20 से ज्यादा ग्रामीण जलघरों में पानी की कमी बनी हुई है। ग्रामीण खेतों में लगे ट्यूबवेल, टैंकर व हैंडपंप आदि के जरिये पानी की आपूर्ति कर रहे हैं। करीब 10 हजार की आबादी का गांव चरखी इस समय भीषण पेयजल संकट से जूझ रहा है। इस समय पेयजल की समस्या रानीला, भागेश्वरी, बलकरा, सांजरवास, चरखी, घिकाड़ा, फतेहगढ़, समसपुर आदि गांवों में अधिक है। वहीं, कुछ गांवों में तो पानी की पाइप लाइन का काम अधूरा पड़ा है। इस वजह से जलघर में पानी नहीं पहुंच पा रहा है।
900 क्यूसेक पानी का भेजा इंडेंट
नहरों में 18 मई को बाकरा हेड से पानी छोड़ा जाएगा। जिले की नहरों में पानी 19 मई तक पहुंचने की उम्मीद है। सिंचाई विभाग ने 900 क्यूसेक पानी का इंडेंट भेजा है। इस समय जिले को नहरी पानी की सख्त जरूरत है। जलघरों और तालाबों में पानी नहीं होने से लोग परेशान हैं। गांवों में बने तालाबों में पानी नहीं होने से पशुपालकों को भी परेशानी हो रही है। इस बार 24 दिन में पानी मिलेगा, जबकि पहले 15 दिन में ही नहरी पानी मिल जाता था।
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वर्जन
फिलहाल जलघरों में पानी बचा हुआ है। 19 मई तक नहरों में पानी पहुंचने की संभावना है। शहर में पानी की किल्लत नहीं होने दी जाएगी। जैसे-तैसे आपूर्ति की जाएगी।
- मंदीप सिंह, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग।
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