90 बिजली फीडरों की मेंटेनेंस के वर्क ऑर्डर जारी, 11 हजार ट्रांसफार्मरों की भी होगी जांच
चरखी दादरी।
बिजली निगम ने जिले के सभी 90 फीडरों की मेंटनेंस के वर्क ऑर्डर जारी कर काम शुरू करा दिया है। इसके तहत सभी 11127 ट्रांसफार्मरों की भी जांच कर खराब कलपुर्जे व तेल बदला जाएगा। यह कार्य बिजली निगम ने गर्मियों में करीब 100 लाख यूनिट तक बढ़ने वाली बिजली खपत को देखते हुए की है। निगम अधिकारियों का कहना है कि ये काम 15 मई तक कांट्रेक्टर के माध्यम से पूरा करवाया जाएगा। निगम अधिकारियों का दावा है कि इसके बाद बिजली फॉल्टों में कमी आने से बिजली आपूर्ति सुचारु रहेगी वहीं ट्रांसफार्मर भी ओवरलोड नहीं रहेंगे।
बिजली निगम जिले के सभी फीडरों की मेंटनेंस का कार्य 15 मई तक पूरा करेगा। इसके लिए वर्क ऑर्डर हो गए हैं। जिले में करीब 90 फीडर हैं। यह मेंटेनेंस कंट्रैक्टर के माध्यम से रेगुलर कर्मचारियों की देखरेख में पूरा करवाया जाएगा। इसमें सभी ट्रांसफार्मरों की भी मेंटेनेंस शामिल हैं। जिले में कुल 11 हजार 127 बिजली ट्रांसफार्मर लगे हैं। जिले की बिजली खपत 725 लाख यूनिट प्रति माह है। मेंटेनेंस के बाद फ्रीक्वेंसी में काफी सुधार होने की उम्मीद है। बिजली निगम ने गर्मी में बढ़ने वाली बिजली खपत को देखते हुए तैयारियां शुरू कर दी हैं। गर्मी में बिजली की खपत तो बढ़ती ही है साथ में वोल्टेज की समस्या भी गहरा जाती है। आंधी की वजह से फॉल्ट व लाइन ब्रेक डाउन भी ज्यादा होते हैं जिससे बिजली व्यवस्था चरमराने का खतरा 80 प्रतिशत तक बना रहा है। गर्मियों में आंधी की वजह से कई बार तो काफी संख्या में बिजली पोल भी टूट जाते हैं जिससे बिजली आपूर्ति बहाल करने में कई दिन लग जाते हैं दूसरे फीडरों से लाइन को जोड़कर काम चलाया जाता है। कई बार बड़ा फॉल्ट आने पर पावर सब स्टेशन में भी खराबी जाती है जिससे शहर व गांवों में ब्लैकआउट की नौबत भी आ जाती है। इसे रेवाड़ी, हिसार व गुरुग्राम से विशेषज्ञ मैकेनिक बुलाकर ठीक करवाना पड़ता है।
जिले की बिजली खपत 725 लाख यूनिट
जिले की बिजली की खपत प्रति माह 725 लाख यूनिट है। गर्मी में ये खपत 900 लाख यूनिट तक बढ़ने की उम्मीद है। शहर की प्रति माह खपत 82 लाख यूनिट है। अब जिला बन जाने पर सचिवालय, तहसील कार्यालय, एसडीएम कार्यालय, आरटीए कार्यालय, तीनों ब्लॉक कार्यालय, अनाज मंडी सहित सभी सरकारी विभागों में यह खपत बढ़ने लगी है।
जिले में हैं 11 हजार 127 बिजली ट्रांसफार्मर
जिले में इस समय 11 हजार 127 बिजली ट्रांसफार्मर शहर व गांवों में लगे हैं। अकेले शहर में 1300 पुराने ट्रांसफार्मर व लाल रंग के ट्रांसफार्मरों की संख्या 860 है। इनके जरिए शहर के सभी 21 वार्डों, बाजारों व कार्यालयों में बिजली आपूर्ति की जाती है। उपमंडल बाढड़ा में दो हजार से ज्यादा ट्रांसफार्मर हैं। जिले भर में करीब 90 बिजली फीडर हैं जिनके जरिए अलग-अलग क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति की जाती है। जिले के उपमंडल बाढड़ा में 44 फीडर हैं। शहर में 12 फीडर के जरिए आपूर्ति की जाती है। ग्रामीण क्षेत्र के समसपुर, ढाणी फौगाट एरिया में 18 फीडर हैं।
फीडर मेंटनेंस के वर्क ऑर्डर हुए जारी
इन तमाम समस्याओं से निपटने के लिए निगम ने योजना तैयार कर ली है और मेंटेनेंस के वर्क ऑर्डर जारी कर दिए हैं ताकि जिले के सभी फीडरों व ट्रांसफार्मरों की मरम्मत की जा सके और कंडम तारों को चेंज किया जा सके। ट्रांसफार्मरों में तेल की मात्रा की भी जांच की जाएगी और जंफर आदि की भी मरम्मत की जाएगी।
कंट्रेक्टर के जरिए 15 मई तक होना है पूरा
वर्क ऑर्डर के तहत बिजली निगम को यह मेंटेनेंस का काम 15 मई तक पूरा करना है। वर्क ऑर्डर के तहत सभी डिवीजन के एसडीओ को हिदायतें व गाइडलाइन जारी कर दी गई हैं। आने वाले एक सप्ताह में यह काम शुरू होने की उम्मीद है।
=वर्जन-
जिले के सभी फीडर की मेंटनेंस करने के लिए वर्क ऑर्डर जारी हो गए हैं। फीडर व ट्रांसफार्मर की कंट्रैक्टर के जरिए मेंटेनेंस करवाई जाएगी। इससे बिजली आपूर्ति में सुधार के साथ वोल्टेज में भी सुधार आएगा।
एसडीओ, जयप्रकाश घणघस, बिजली निगम