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झज्जर में रहा 250 करोड़ का लेन-देन रहा प्रभावित

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अमर उजाला ब्यूरो
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झज्जर।
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के आह्वान पर मंगलवार को देशभर के सरकारी बैंकों अनेक कर्मचारी हड़ताल पर रहे। हड़ताल में जिला झज्जर के सरकारी बैंकों के सैकड़ों कर्मचारी भी शामिल रहे। जिसके चलते जिले में करीब 200 करोड़ का लेनदेन प्रभावित रहा। वहीं, अकेले झज्जर शहर में 100 करोड़ के लेन-देन पर असर पड़ा। इस देशव्यापी हड़ताल में जिला झज्जर के करीब 32 नेशनलाईज बैंकों के कर्मचारी हड़ताल पर रहे। कर्मियों के हड़ताल पर जाने से बैंक का वाले काम निपटाने पहुंचे उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
निजी बैंकों के विलय और बैंकों के निजीकरण के खिलाफ यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के बैनर तले मंगलवार सुबह झज्जर के बैंक कर्मचारी रोहतक रोड स्थित एसबीआई शाखा के बाहर एकत्रित हुए। जहां उन्होंने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर अपना विरोध जताया। हड़ताली कर्मचारियों ने कहा कि बैंक कर्मचारी पिछले काफी वर्षों से अपनी मांगों को लेकर संघर्षरत है, लेकिन सरकार उनकी मांगों को लेकर गंभीर नहीं दिखाई दे रही है। इस कारण बार-बार उन्हें इस प्रकार के कदम उठाने पर पड़ रहे है। ऐसे में उनके साथ-साथ उपभोक्ताओं को भी परेशान का सामना करना पड़ता है। उन्होंने सरकार से बैंक कर्मचारियों की मांगों को जल्द से जल्द लागू करने की अपील की।
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ये हैं मुख्य मांगे
कर्मचारियों ने कहा कि उनकी प्रमुख मांग बैंकिंग क्षेत्र में सुधारों के नाम पर निजीकरण, अवांछित, श्रम सुधार, औद्योगिक घरानों के डूबते ऋणों पर दी जाने वाली रियायतों, बैंक शुल्क में बढ़ोतरी, एनपीए की त्वरित वसूली, एफडीआरआई बिल की वापसी, बैंक बोर्ड को विघटित करने की साजिश के विरोध एवं सभी वर्गों के श्रमिकों की भर्ती करने जैसी है।

बैंक कर्मचारियों को कोसते दिखे उपभोक्ता
सरकारी बैंकों में मंगलवार हड़ताल रहेगी। इसकी जानकारी आमजन और बैंक उपभोक्ताओं को नहीं थी। यहीं वजह रही कि मंगलवार सुबह से लेकर शाम तक उपभोक्ता संबंधित बैंक में पहुंचे। वहां बैंक बंद दिखाई दिया। आसपास पूछताछ करने पर उपभोक्ताओं को पता चला कि बैंक कर्मियों ने हड़ताल कर रखी है। ऐसा देख मायूस उपभोक्ता वापस घर लौट गए। वहीं अनेक उपभोक्ता ऐसे भी दिखाई दिए, जिन्होंने अपने मन की भड़ास निकाली। इन उपभोक्ताओं का कहना था कि हड़ताल की सूचना पहले सार्वजनिक करनी थी। ऐसा होने पर उपभोक्ता अपने स्तर पर पैसों की व्यवस्था कर सकता था।
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वर्जन
मंगलवार को 32 नेशनलाईज बैंकों के सभी कर्मचारी हड़ताल पर रहे। जिसके चलते जिले भर में करीब 200 करोड़ रुपये का लेन-देन प्रभावित रहा। हड़ताली कर्मियों की बैंकों के द्वारा एक दिन की सैलरी काटी जाएगी।
- एलडी शर्मा, एलडीएम, झज्जर।
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