रेलवे स्टेशन का पार्किंग, मेन गेट, वेटिंग हाल नए लुक में दिखेंगे
अमर उजाला ब्यूरो
चरखी दादरी।
नगर के अंग्रेजों के जमाने में बना रेलवे स्टेशन के सौंदर्यीकरण के लिए बजट की मंजूरी मिलने के बाद अब इसके निर्माण के लिए वर्क ऑर्डर हो गए हैं। आने वाले आठ माह में यह प्रोजेक्ट पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद रेलवे स्टेशन नए लुक में नजर आएगा। इसके तहत प्लेटफार्म की टीन शेड चेंज कर नई शेड लगाई जानी है। इसके अलावा पार्किंग, मेन गेट व वेटिंग हॉल भी नए लुक में नजर आएंगे। रेलवे प्रशासन की तरफ से इसके लिए 35 लाख रुपये की राशि मंजूर की जा चुकी है।
चरखी दादरी रेलवे स्टेशन का निर्माण अंग्रेजी शासनकाल के दौरान हुआ था। उस समय चरखी का नाम डालमिया दादरी था। यहां रेलवे स्टेशन के समीप भारत सरकार का सीमेंट कारखाना स्थापित किया गया था। सीमेंट को दूर-दराज के प्रदेशों में रेलवे के जरिए भेजा जाता था। यहां सीसीआई सीमेंट कारखाना करीब 250 एकड़ से अधिक जमीन पर चालू था। यहां सीमेंट का प्रचुर मात्रा में उत्पादन होता था। दूसरों राज्यों से भी कई बार कच्चा मंगवाने के लिए रेलवे स्टेशन का निर्माण जरूरी हो गया था। इस प्रकार यह रेलवे स्टेशन इस समय पूरी तरह से वर्किंग में है लेकिन सब पुराने ढर्रे पर ही चला आ रहा है। चरखी दादरी स्टेशन का जुड़ाव इस समय बठिंडा से रेवाड़ी रेलवे लाइन से बना हुआ है। इस समय यहां से जयपुर, बठिंडा, सिरसा, फाजिल्का, रेवाड़ी, अहमदाबाद को जाने वाली लंबे रूटों की ट्रेनें भी गुजरती हैं।
10 हजार यात्री सफर करते हैं
रेलवे स्टेशन से रोजाना इस समय औसतन करीब 10 हजार यात्री सफर करते हैं। चरखी दादरी से रेवाड़ी होकर दिल्ली व गुरुग्राम जाने वाले यात्री इस रेलमार्ग से ही जाते हैं। यह स्टेशन बीकानेर रेलवे मंडल के अधीन है। इस समय रेलवे स्टेशन पर चार लाइनें हैं लेकिन पैसेंजर लाइन केवल एक ही है। इस लाइन का अब रेवाड़ी से दोहरीकरण भी शुरू हो चुका है। एक ही पैसेंजर लाइन होने की वजह से यात्रियों को ट्रेन में चढ़ते व उतरते समय काफी परेशानी होती है क्योंकि प्लेटफार्म काफी ऊंचा होने पर खासकर महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को अधिक दिक्कतें झेलनी पड़ती हैं। एक तरफ ही प्लेटफार्म होने की वजह से अधिक परेशानी आ रहा है।
सौंदर्यीकरण के लिए वर्क ऑर्डर जारी
रेलवे स्टेशन के सौंदर्यीकरण का काम शुरू करवाने के लिए 10 अक्तूबर को टेंडर अलॉट हो गए थे। अब इसके निर्माण को वर्क ऑर्डर जारी हो गए हैं। इसके तहत रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर अंग्रेजों के जमाने की लगी टीन शेड अब नए स्वरूप में नजर जाएगी। यह टीन शेड अब पूरी तरह से जवाब दे चुकी हैं। बारिश व आंधी के समय यात्रियों को काफी परेशानी होती है। इसके अलावा स्टेशन पार्किंग की विशेष सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी। स्टेशन के मेन गेट को भी आधुनिक तकनीकी रूप दिया जाना है। मेन गेट पर बड़ा साइन बोर्ड लगाया जाना है। स्टेशन परिसर में जरूरत के अनुसार टाइलें लगाई जाएंगी। रेलिंग का भी काम पूरा होगा।
वेटिंग हाल का होना है सुधारीकरण
स्टेशन के वेटिंग हॉल का भी सुधारीकरण होना है। वेटिंग हॉल में सभी सुविधाएं मुहैया करवाई जाएंगी। यात्रियों के बैठने व ठहरने के लिए सभी सुविधाओं के अलावा नए बैंचों की भी व्यवस्था की जानी है। शौचालय व पेयजल की भी विशेष व्यवस्था होगी। इसके लिए रेलवे प्रशासन की ओर से 35 लाख रुपये का बजट मंजूर किया जा चुका है। स्टेशन पर फुट ओवरब्रिज निर्माण के साथ-साथ स्टेशन के प्लेटफार्म को भी ऊंचा उठाया जाना है यह प्रोजेक्ट काफी समय पहले से मंजूर हो चुका है। इस समय इस लाइन के दोहरीकरण का काम भी तेली पर है। फुट ओवरब्रिज बनने से शहर की गांधी कालोनी के लोगों को आवागमन में काफी राहत मिल सकेगी। वर्क आर्डर के बाद अब यह काम आठ माह में पूरा किए जाने का समय दिया गया है। इस पर जल्द ही काम शुरू होने की उम्मीद है।
==वर्जन
रेलवे स्टेशन के सौंदर्यीकरण के लिए वर्क ऑर्डर हो गए हैं। आठ माह में यह प्रोजेक्ट पूरा किया जाना है जिससे यात्रियों को सभी आवश्यक सुविधाएं मिलनी शुरू हो जाएंगी। - अविनाश, सीनियर सेक्शन इंजीनियर रेलवे विभाग