हरियाणा के हिसार में पड़ाव चौक के पास बागड़ी मंदिर में जन्माष्टमी पर्व पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान सुदामा का किरदार निभाने वाले शांति नगर निवासी 32 वर्षीय रोहित की कृष्ण जन्म से आधा घंटा पहले तबीयत बिगड़ गई। उसे नागरिक अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुक्रवार को पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवा परिजनों को सौंप दिया। दोपहर बाद उसका अंतिम संस्कार किया गया। रोहित दो बहनों का इकलौता भाई था।
चार साल पहले नाचते समय आया था अटैक, डला था स्टेंट
जानकारी के अनुसार शांति नगर निवासी रोहित निजी काम करता था। उनका एक ढाई और दूसरा आठ साल का बेटा है। काम के साथ वह धार्मिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेता था और अक्सर सुदामा का किरदार निभाता था। करीब चार साल पहले गुजरात के सूरत में जन्माष्टमी पर्व पर आयोजित कार्यक्रम में सुदामा का किरदार निभाते समय उन्हें हार्ट अटैक आया था। उसके बाद उन्हें स्टेंट डले थे।
किसी को खिलाया लड्डू को किसी को पेड़ा
जन्माष्टमी पर्व पर आयोजित कार्यक्रम में रोहित सुदामा का किरदार निभा रहे थे। पीले वस्त्र पहने और हाथ में थाली लेकर नाच रहा था। नाचते समय मंदिर में सजी झांकियां देखने आने वाले लोगों को बुलाकर किसी को लड्डू और किसी को पेड़ा देते हुए नजर आए। कृष्ण जन्म से आधा घंटे पहले आओ आओ जीमो जी भोग लगाओ गाना गाया।
इसके बाद उन्होंने साथी कलाकारों से कहा कि मुझे बेचैनी हो रही है और सीने में दर्द उठ रहा है। साथी कलाकारों ने उसे कमरे में ले गए। पुलिस कर्मी व साथी कलाकार मंदिर के पास से गुजरने वाली एंबुलेंस को रुकवाकर सुदामा की पोशाक में ही उन्हें नागरिक अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।